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बिल्डर से 10 लाख रुपए की अड़ीबाजी, तीन फर्जी पत्रकार गिरफ्तार Thursday 05 August 2021 08:15 PM UTC+00 भोपाल. पुराने शहर निवासी तीन फर्जी पत्रकार शहरयार खान, मोहम्मद उवेश एवं जावेद खान ने गोविंदपुरा थाना अंतर्गत रचना नगर में रहने वाले बिल्डर अनिल भार्गव पर 10 लाख रुपए की अड़ीबाजी करने का प्रयास किया। खुद को पत्रकार बताते हुए तीनों आरोपी बिल्डर के रचना नगर स्थित बंगले पर पहुंच गए। तीनों ने बिल्डर को डराने धमकाने के साथ कहा कि हमें पता चल गया है तुम्हारे घर में चार करोड रुपए नकद रखे हैं। चुपचाप हमें दस लाख रुपए दे दो नहीं तो आयकर विभाग में सूचना देकर छापा पड़वा देंगे। इससे तुम्हारा धंधा चौपट करा देंगे। बिल्डर अनिल भार्गव ने तीनों आरोपियों की धमकी को नजरअंदाज करते हुए उन्हें फौरन अपने बंगले से बाहर निकल जाने की चेतावनी दी। 10 लाख नहीं तो दस हजार ही दे दो... फेसबुक आइडी हैक कर युवती को कर रहा था ब्लैकमेल उधारी में ट्रैक्टर खरीदा, पैसे मांगे तो दी धमकी |
सोशल मीडिया के जरिए मंत्री और सरकार को छवि चमकाएंगे विभाग Friday 06 August 2021 03:19 AM UTC+00 भोपाल. सरकार के सभी विभागों का ट्यूटर, फेसबुक, वाट्सऐप, इंस्ट्राग्राम अकाउंट होगा। इससे विभागों के आला अफसर मंत्री और सरकार की छवि को चमकाने का काम करेंगे। इस मीडिया से विभाग हर दिन एक बड़ी उपलब्धि के साथ ही सरकार और मंत्रियों के संदेश सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने का काम करेगा। उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने का काम अधिकारियों के साथ कर्मचारी भी करेंगे। ये भी पढ़ेंः राज्य पर 2 लाख करोड़ का कर्जा, वित्त मंत्री के बंगले हो रहा है खर्चा सरकार का मानना है विभागों के अच्छे काम, उपलब्धि व जनहितैषी योजनाओं का प्रचार-प्रसार बराबर नहीं हो पा रहा है। सरकार और विभिन्न विभाग प्रचार-प्रसार करने में करोड़ों रुपए खर्च करते हैं। विभागों के हर दिन, हर माह किए गए अच्छे कार्यों को इस मीडिया में अपलोड किया जाएगा। सफलता की कहानी, अधिकारियों, कर्मचारियों के बेहतर प्रयास को भी लोगों तक पहुंचाया जाएगा। ये भी पढ़ेंः राजाभोज एयरपोर्ट बना देश का पहला ईट राइट कैम्पस सरकार के रोज जारी होने वाले आदेश, निर्देश और निर्णय से लोगों को अवगत करने के लिए भी इस प्लेटफार्म का उपयोग किया जाएगा। सरकार ने सभी विभाग को सोशल मीडिया अकाउंट बनाने व इसके उपयोग के संबंध में दिशा-निर्देश दिए हैं। काम आइटी सेल को दिया जा रहा है। बताया जाता है कि कुछ विभागों ने अपने यहां आइटी सेल के साथ सोशल मीडिया सेल भी बना दिया है। ये भी पढ़ेंः आत्मनिर्भर एमपीः विदेश में महक रहा है मालवा का प्याज मंत्रियों की उपलब्धि पर फोकस ये भी पढ़ेंः इस शहर के ई-वेस्ट से मिला 250 ग्राम सोना, 500 ग्राम चांदी |
कॉलेजों के पते पर चल रहीं दुकानें तो कहीं खाली मकान Friday 06 August 2021 03:48 AM UTC+00 प्रवीन श्रीवास्तव भोपाल. नर्सिंग कॉलेजों के रजिस्ट्रेशन के नाम पर बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। शहर में जिन कॉलेजों की मान्यता दी गई है, उनमें कइयों के पते फर्जी हैं। छोटी क्लीनिक के नाम पर कॉलेजों का रजिस्ट्रेशन किया गया है तो कहीं कॉलेज के पते पर खाली मकान और दुकानें चल रही हैं। स्वयं के न्यूनतम 100 बिस्तर के अस्पताल की शर्त के कारण जिले में फर्जी अस्पतालों की बाढ़ आ गई है। ये भी पढ़ेंः सोशल मीडिया के जरिए मंत्री और सरकार को छवि चमकाएंगे विभाग नर्सिंग कॉलेज संचालक और बाबुओं की मिलीभगत से बिना अस्पताल के ही कॉलेजों को मान्यता मिल गई।सीएमएचओ कार्यालय ने भी फर्जी कागजों के आधार पर मान्यता दे दी। नर्सिंग काउंसिल के अनुसार शहर में 90 कॉलेज रजिस्टर्ड हैं। सीएमएचओ भोपाल डॉ. प्रभाकर तिवारी का कहना है कि जब लायसेंस दिए गए होंगे, तब इंफ्रास्ट्रक्चर, उपकरण, स्टाफ की जानकारी ली गई होगी। यदि अस्पताल नहीं हैं तो हम इसे चेक कराकर कार्रवाई करेंगे। ये भी पढ़ेंः राज्य पर 2 लाख करोड़ का कर्जा, वित्त मंत्री के बंगले हो रहा है खर्चा 9 हजार बेड होने चाहिए ये भी पढ़ेंः ठेकेदार-अफसर और माफिया के गठजोड़ से खूब पनपा अवैध शराब का कारोबार इन कॉलेज में क्या मिला ये भी पढ़ेंः आजादी के सात दशक बाद भी मध्य प्रदेश की ऐसी तस्वीर
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मध्यप्रदेश में बाढ़- सिंध उतरी पर चंबल से बढ़ा खतरा, हजारों बेघर, एक-तिहाई फसल बर्बाद Friday 06 August 2021 03:48 AM UTC+00 भोपाल. मध्यप्रदेश में बाढ़ से व्यापक तबाही मची है हालांकि कुछ प्रभावित जिलों में नदियों में पानी घट गया है। जिस सिंध के रौद्र रूप के कारण ग्वालियर-चंबल अंचल बर्बाद हो गया, वह अब उतार पर है लेकिन चंबल नदी से खतरा बरकरार है. चंबल में बाढ़ से भिंड और मुरैना जिलों में हालात खराब बने हुए हैं। यहां रेस्क्यू चल रहा है। NDRF, SDRF की टीमें लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन में लगे हुए हैं। Datia Live बारिश का कहर- सिंध नदी पर बने कई पुल ढहे इधर मौसम विभाग ने प्रदेश के 6 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी दी है लेकिन राहत की बात यह है कि इनमें बाढ़ प्रभावित जिले शामिल नहीं हैं। गुरुवार को सीएम शिवराजसिंह चौहान ने कुछ प्रभावित इलाकों का दौरा कर सरकारी मदद का एलान किया। सरकारी आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के पांच जिले— शिवपुरी, दतिया, भिंड, श्योपुर और ग्वालियर बाढ़ से सर्वाधिक प्रभावित हैं. प्रदेश में रेल सेवाएं पूरी तरह से बहाल हो गई हैं हालांकि कुछ ट्रेन केंसिल की गई हैं. महुअर नदी उफनी, टापू पर फंस गए लोग ![]() इन जिलों में करीब 500 गांव पूरी तरह से डूब गए हैं। इन गांवों में रहनेवाले करीब 55 हजार लोग बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। बाढ़ प्रभावित 16 हजार लोग अभी कैंपों में रह रहे हैं। इनके लिए 126 राहत कैंप बनाए गए हैं। करीब 31 हजार लोगों को रेस्क्यू कर बचाया गया है। सरकार के अनुसार भिंड में सिंध नदी का जलस्तर घट रहा है पर चंबल का जलस्तर बढ़ा है। श्याेपुर में जल सैलाब, कई लोग बहे, प्रसूताओं का किया रेस्क्यू बाढ़ से शिवपुरी सर्वाधिक प्रभावित हुआ है। यहां के 309 गांव की 16 हजार से ज्यादा की आबादी बाढ़ से प्रभावित हुई है। कृषि विभाग के उप संचालक यूएस तोमर के अनुसार जिले के 125 गांव की 4500 हेक्टेयर क्षेत्र में फसल नष्ट हो गई है। यह प्रारंभिक अनुमान है हालांकि लोगों का कहना है कि जिले में करीब 50 प्रतिशत फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। नर्मदा और शिवना नदियां उफनाईं, जारी किया अलर्ट ![]() सिंध नदी पर बने 4 पुल टूटने से दतिया जिले के कई हिस्सों का संपर्क टूटा हुआ है। श्योपुर में पार्वती नदी के साथ ही कूनो और क्वारी भी उतर चुकी हैं. यहां रेस्क्यू खत्म हो चुका है। यहां पर रेस्क्यू कर सर्वाधिक 8 हजार लोगों की जान बचाई गई थी। यहां का अधिकांश हिस्सा बाढ़ में घिर गया था और सेना बुलाना पड़ी थी। राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर चालू किया गया तब जाकर हालात सुधरे थे. कूनो नदी उफनी, पुल डूबा, कई जिलों से कटा संपर्क इधर शुक्रवार सुबह 6 बजे भिंड के उदी घाट पर चंबल नदी का जलस्तर 128.45 मीटर रिकार्ड किया गया जबकि खतरे का स्तर 122 मीटर है. भिंड के ही मेहदा घाट पर सुबह 7:0 बजे सिंध नदी का स्तर 14.20 मीटर मापा गया है। |
AIIMS: हड्डी का छोटा टुकड़ा बताएगा लिंग, उम्र और कद-काठी Friday 06 August 2021 04:14 AM UTC+00 भोपाल. भीषण दुर्घटना या हादसे में कई बार शव इतने क्षत-विक्षत हो जाते हैं कि पहचान तक मुश्किल हो जाता है। इन शवों की जांच न हो पाने से कई बार अपराध की असल वजह सामने नहीं आ पाती है। लेकिन अब भोपाल एम्स में की गई एक रिसर्च की मदद से शरीर की छोटी सी हड्डी से न केवल मृतक के महिला या पुरुष होने की जानकारी मिलेगी, बल्कि उसकी कद-काठी और उम्र का भी सटीक पता लगाया जा सकेगा। ये भी पढ़ेंः कॉलेजों के पते पर चल रहीं दुकानें तो कहीं खाली मकान पसलियों की हड्डी पर शोध ये भी पढ़ेंः राजाभोज एयरपोर्ट बना देश का पहला ईट राइट कैम्पस गर्दन की हड्डियों पर भी शोध ये भी पढ़ेंः शादी के सालभर बाद भगाया, अब मजदूरी की मजबूरी भोपाल एम्स मेडिकोलीगल विभाग की एचओडी, डॉ. अरनीत अरोरा ने बताया कि इस रिसर्च से ऐसे मामलों में खासा फायदा होगा, जिसमें सबूत के तौर पर सिर्फ कंकाल मिलते हैं। कंकाल मिलने पर उसके महिला या पुरुष होने के साथ ही अब उसके उम्र और अन्य विशेषताओं की जानकारी भी मिल जाएगी। ये भी पढ़ेंः ठेकेदार-अफसर और माफिया के गठजोड़ से खूब पनपा अवैध शराब का कारोबार |
निगम अफसर पर तीन तलाक का केस Friday 06 August 2021 04:36 AM UTC+00 भोपाल. नगर निगम भोपाल के अतिक्रमण अधिकारी नासिर खानपर महिला ने मारपीट और मोबाइल पर तीन तलाक का मैसेज भेजने का मामला दर्ज कराया है। कोहेफिजा थाना में उसने मोबाइल पर नासिर द्वारा भेजे गए संदेश भी दिखाए। थाना प्रभारी अनिल बाजपेई ने बताया कि त्तीन तलाक का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। ये भी पढ़ेंः कॉलेजों के पते पर चल रहीं दुकानें तो कहीं खाली मकान पीड़िता के मुताबिक पति से विवाद के बाद वह तीन बच्चों के साथ अलग रह रही थी। एक महीने पहले उसका संपर्क नासिर खान हुआ था। नासिर ने नगर निगम में पक्की नौकरी लगवाने का झांसा देकर शोषण किया। नौकरी नहीं लगी तो महिला ने थाने में शिकायत की बात कही तब नासिर ने उससे निकाह कर लिया। महिला के मुताबिक वह दूसरे धर्म की है। नासिर ने नाम बदलकर उससे शादी की थी। महिला ने आरोप लगाया है कि नासिर प्रमोशन के लिए उसे निगम के अधिकारी के पास भेजने का प्रयास कर रहा था। इनकार करने पर विवाद हुआ। नासिर की यह चौथी शादी है इससे पहले वह तीन शादियां कर चुका है। ये भी पढ़ेंः AIIMS: हड्डी का छोटा टुकड़ा बताएगा लिंग, उम्र और कद-काठी ![]() 5 लाख मांग रही थी ये भी पढ़ेंः शादी के सालभर बाद भगाया, अब मजदूरी की मजबूरी |
बाघ भ्रमण क्षेत्र की 238.141 हेक्टेयर भूमि वन क्षेत्र घोषित Friday 06 August 2021 05:12 AM UTC+00 भोपाल. राज्य शासन ने राजधानी से सटे बाघ भ्रमण क्षेत्र चंदनपुरा की 238.141 हेक्टेयर भूमि को संरक्षित वन क्षेत्र (protected forest area) घोषित कर दिया है। इसमें छावनी गांव की 79.117 हेक्टेयर भूमि भी शामिल है। शासन ने इस संबंध में गुरुवार को अधिसूचना जारी कर दी है। ये भी पढ़ेंः निगम अफसर पर तीन तलाक का केस यह राजस्व भूमि में थी, इसमें छोटे-बड़े झाड़ का जंगल है, इसके बाद भी यहां 26 रसूखदारों के फार्म हाउस, कारोबार और आवासीय प्लाट हैं। अब इस भूमि पर होटल-रिजॉर्ट एवं अन्य व्यावसायिक केंद्र नहीं खोले जा सकेंगे, बल्कि पौधरोपण कर इसे जंगल बनाया जाएगा। बताया जाता है कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने फरवरी 2020 को इस क्षेत्र को संरक्षित घोषित करने के निर्देश दिए थे। ये भी पढ़ेंः कॉलेजों के पते पर चल रहीं दुकानें तो कहीं खाली मकान जनजाति संग्रहालय एवं पुरातत्व संग्रहालय की बदले वन विभाग को चंदनपुरा में दी गई 357.780 हेक्टेयर राजस्व भूमि और उससे सटे क्षेत्र की जमीन को रसूखदारों ने खरीद थी। इनमें नेता, बड़े अधिकारी, बिल्डर और उद्योगपति शामिल हैं, जो बंगले बनाने के साथ विभिन्न व्यवसायिक केंद्र भी खोलना चाहते थे। जबकि इस क्षेत्र में एक दर्जन से ज्यादा बाघों का आना-जाना लगातार बना रहता है। इसे लेकर भोपाल के नूर मोहम्मद ने एनजीटी में याचिका लगाई थी। उन्होंने इस क्षेत्र को बाघों के लिए संरक्षित क्षेत्र घोषित करने की मांग की थी। मामले की सुनवाई करते हुए एनजीटी ने 6 फरवरी 2020 को इस भूमि को संरक्षित बन घोषित करने के निर्देश दिए थे। ये भी पढ़ेंः AIIMS: हड्डी का छोटा टुकड़ा बताएगा लिंग, उम्र और कद-काठी सीएस की अध्यक्षता में बनानी थी समिति ये भी पढ़ेंः सोशल मीडिया के जरिए मंत्री और सरकार को छवि चमकाएंगे ![]() |
सावन शिवरात्रि 2021: एक ऐसा शिव मंदिर जो सिर्फ महाशिवरात्रि पर ही खुलता है Friday 06 August 2021 06:15 AM UTC+00 | Tags: temples देश दुनिया में यूं तो महादेव के कई मंदिर हैं, इनमें से जहां कुछ साल भर खुलते हैं तो कुछ चंद महीने। लेकिन, मध्यप्रदेश में महादेव का एक मंदिर ऐसा भी है जो केवल महाशिवरात्रि पर ही खुलता है। दरअसल मध्यप्रदेश के रायसेन जिले में एक काफी पुराना भगवान शिव का मंदिर है, प्राचीन सोमश्वर महादेव मंदिर के नाम से प्रसिद्ध ये मंदिर रायसेन के प्राचीन दुर्ग परिसर के एक ऊंचे पहाड़ पर स्थित है। यहां भगवान सोमेश्वर महादेव के दर्शन काफी दुर्लभ माने जाते हैं। इस मंदिर की सबसे खास बात ये है कि इसके पट वर्ष में सिर्फ एक बार महाशिवरात्रि पर ही खुलते हैं। सुबह 6:00 बजे से लेकर शाम को 6:00 बजे तक प्रशासनिक अधिकारियों और पुरातत्व विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में मंदिर के ताले केवल 12 घंटे के लिए खोले जाते हैं। यानि इस दिन भी सूर्याेदय के समय मंदिर के दरवाजे खोने के पश्चात सूर्यास्त के बाद इन्हें बंद कर दिया जाता है। Must Read- सावन में लगातार ये दो दिन भगवान शिव की पूजा के लिए अति विशेष ![]() इसके अलावा कुछ भक्त यहां साल भर आते हैं, लेकिन इस दौरान मंदिर का ताला बंद रहता है।ऐसे में भक्त गेट के बाहर से ही बाबा सोमेश्वर की पूजा करने आते हैं और मन्नत मांग कर मंदिर के लोहे के दरवाजे पर ये भक्त कलावा और कपड़ा बांध जाते हैं। इसके बाद मनोकामना पूरी होने पर फिर ये भक्त इस कपड़े को खोलने भी आते हैं। इस शिव मंदिर में बने शिवलिंग की ये अद्भुत बात है कि सूर्य की किरणें जब इस शिवलिंग पर पड़ती हैं तो यह सोने सा दमक उठता है। वहीं श्रावण मास में श्रद्धालुओं को जलाभिषेक के लिए यहां अलग से व्यवस्था की जाती है। इस दौरान लोहे की जाली लगाकर भगवान शिव के दूर से ही दर्शन कराए जाते हैं और पाइप के जरिये शिवलिंग पर जल अर्पित किया जाता है। विवाद के बाद लगाया ताला Must Read- सावन में पुष्य नक्षत्र ![]() उन्होंने महाशिवरात्रि के दिन ताला खोलकर महादेव का पूजन किया। तब से महाशिवरात्रि पर ही मंदिर के पट खोले जाते हैं। पैदल ही पहाड़ी चढ़कर आते हैं हजारों श्रद्धालु महाशिवरात्रि पर मेला Tags:
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Petrol Diesel Price: सस्ता हो रहा है कच्चा तेल, 20वें दिन भी फेरदबल नहीं, जानिए अपने शहर की कीमतें Friday 06 August 2021 06:41 AM UTC+00 भोपाल। सरकारी तेल कंपनियों की ओर से लगातार आज 20वें दिन भी पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) के दामों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। पिछले महीने में 17 जुलाई के बाद से डीजल की कीमत में कोई बदलाव नहीं हुआ था। इस दिन पेट्रोल की कीमत 29 से 30 पैसे तक बढ़ी थी। इसके बाद से पेट्रोल-डीजल के दाम नहीं बढ़े हैं। जानिए क्या है भोपाल का रेट लगातार बढ़ रहे पेट्रोल-डीजल के दाम के बाद अब थोड़ी राहत मिली है। आज 6 अगस्त को राजधानी भोपाल में पेट्रोल 110.20 रुपये लीटर और डीजल 98.67 रुपये लीटर के करीब बिक रहा है। बता दें कि मध्यप्रदेश, राजस्थान, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, ओडिशा, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में पेट्रोल का भाव 100 रुपये पार हो चुका है। इसके अलावा महानगरों में मुंबई, हैदराबाद और बंगलूरू में पेट्रोल पहले ही 100 रुपये प्रति लीटर के आंकड़े को पार कर चुका है। ![]() जानिए बाकी राजधानियों के हाल आज दिल्ली में पेट्रोल का दाम 101.84 रुपये जबकि डीजल का दाम 89.87 रुपये प्रति लीटर है। मुंबई में पेट्रोल की कीमत 107.83 रुपये व डीजल की कीमत 97.45 रुपये प्रति लीटर है। कोलकाता में पेट्रोल का दाम 102.08 रुपये जबकि डीजल का दाम 93.02 रुपये लीटर है। वहीं चेन्नई में भी पेट्रोल 100 के पार है यहां पेट्रोल 102.49 रुपये लीटर है तो डीजल 94.39 रुपये लीटर है। रोज सुबह 6 बजे कीमतों में होता है बदलाव पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव रोजाना सुबह 6 बजे होता है। सुबह 6 बजे से ही नई दरें लागू हो जाती हैं। पेट्रोल व डीजल के दाम में एक्साइज ड्यूटी, डीलर कमीशन और अन्य चीजें जोड़ने के बाद इसका दाम लगभग दोगुना हो जाता है। विदेशी मुद्रा दरों के साथ अंतर्राष्ट्रीय बाजार में क्रूड की कीमतें क्या हैं, इस आधार पर रोज पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव होता है। एक मैसेज से जानिए आज के दाम अगर आप घर बैठे पेट्रोल के भाव जानना चाहते हैं तो आप भी अपने मोबाइल से एक एसएमएस भेजकर अपने शहर के भावों को पता कर सकते हैं। इंडियन ऑयल के पंपों के दाम के लिए RSP के साथ अपने शहर का कोड टाइप कर 9224992249 नंबर पर SMS भेज दें। शहर का कोड आईओसीएल (iocl) की वेबसाइट पर भी देख सकते हैं। इनके अलावा BPCL के पंपों पर जाने वाले कस्टमर RSP लिखकर 9223112222 और एचपीसीएल के ग्राहक HPPrice लिख कर 9222201122 नंबर पर भेजकर भाव पता कर सकते हैं। |
एयरपोर्ट प्रबंधन ने यात्री को वापस दिलवाया बैग Friday 06 August 2021 06:51 AM UTC+00 भोपाल. राजाभोज इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर चार अगस्त को एयर इंडिया की पुणे से भोपाल फ्लाइट में आए एक यात्री का जेवर एवं नगद राशि से भरा बैग छूट गया था, जिसे एयरपोर्ट प्रबंधन वापस सौंपा। |
फेसबुक आइडी हैक कर युवती को कर रहा था ब्लैकमेल Friday 06 August 2021 07:08 AM UTC+00 भोपाल. मिसरोद थाना अंतर्गत स्थानीय निवासी राहुल झा के खिलाफ एक युवती ने ब्लैकमेलिंग का प्रकरण दर्ज करवाया है। पीडि़त युवती ने पुलिस को बताया कि आरोपी राहुल ने उसका फेसबुक आईडी हैक कर लिया है और फेसबुक पर फोटो निकालकर उसे एडिट कर प्रताडि़त करने का प्रयास कर रहा है। पुलिस ने आरोपी राहुल के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है। युवती ने बताया कि सोशल मीडिया के माध्यम से ही उसकी राहुल झा से जान पहचान हुई थी। बाद में दोनों चैटिंग करने लगे थे। एक दिन राहुल ने बताया कि उसने सोशल मीडिया अकाउंट को हैक कर लिया है और कुछ फोटो निकाल कर उन्हें एडिट किया है। फोटो दिखाने के बाद जब युवती ने आपत्ति जताई तो प्रताडि़त करने लगा और मिलने के लिए दबाव बनाने लगा। पुलिस अब इस मामले की जांच में जुट गई है। उसक कहना है कि जल्द ही हम आरोपी तक पहुंच जाएंगे। |
PEB: छह महीने से सैकड़ों छात्रों को रिजल्ट का इंतजार Friday 06 August 2021 07:08 AM UTC+00 भोपाल. व्यापाम का नाम बदलने के बाद भी उसकी कार्यप्रणाली बदलती दिखाई नहीं दे रही है। प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ट (पीइबी) द्वारा किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग मप्र के अंतर्गत ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी (Rural Agricultural Extension Officer) एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी (Senior Agricultural Development Officer) के 863 पदों पर आयोजित की गई भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी की जांच पूरी हो चुकी है। ये भी पढ़ेंः निगम अफसर पर तीन तलाक का केस सूत्रों के मुताबिक जांच में गड़बड़ी पाई गई है। ऐसे में पीईबी द्वारा 6 माह पहले आयोजित कराई गई ग्रुप-2, सबग्रुप 4 की परीक्षा के रिजल्ट 6 महीने बाद भी जारी नहीं किए जा रहे हैं। ऐसे में परीक्षा देने वाले उम्मीदवार परेशान है। यही नहीं आगामी भर्ती परीक्षाओं पर भी ब्रेक लग गया है। अब इस जांच का परीक्षण कराया जा रहा है। इसके बाद आगे कार्रवाई हो सकेगी। इसके बाद ही पीइबी की आगामी परीक्षाओं के आयोजन पर लगा ब्रेक हट सकेगा। ये भी पढ़ेंः कॉलेजों के पते पर चल रहीं दुकानें तो कहीं खाली मकान इसलिए लगा रिजल्ट और परीक्षा पर ब्रेक ये भी पढ़ेंः सोशल मीडिया के जरिए मंत्री और सरकार को छवि चमकाएंगे एक ही क्षेत्र के 10 उम्मीदवार मेरिट में ये भी पढ़ेंः राज्य पर 2 लाख करोड़ का कर्जा, वित्त मंत्री के बंगले हो रहा है खर्चा ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारीभर्ती परीक्षा रदूद होगी या नहीं, इस मामले में पीईबी डायरेक्टर का कहना है कि अभी कुछ कहा नहीं जा सकता। पीईवी डायरेक्टर ने बताया कि जांच रिपोर्ट का परीक्षण किया जा रहा है। परीक्षण के बाद ही इस प्रकरण को सार्वजनिक किया जा सकता है। इस प्रकरण का निवारण होने के बाद ही रिजल्ट जारी किए जाएंगे। ये भी पढ़ेंः ठेकेदार-अफसर और माफिया के गठजोड़ से खूब पनपा अवैध शराब का कारोबार |
प्रदेश के 2549 स्कूलों में बायोगैस से पकेगा मध्याह्न भोजन Friday 06 August 2021 07:10 AM UTC+00 भोपाल. प्रदेश के 200 से अधिक छात्रों का मध्याह भोजन तैयार करने वाले 2549 स्कूलों में बायोगैस संयंत्र स्थापित किए जाएंगे। खाना पकाने पारम्परिक ईंधनों पर निर्भरता कम करने पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा स्वच्छ भारत मिशन के तहत वर्ष 2021-22 में 9500 बायोगैस संयंत्र लगाने का लक्ष्य निर्धाता किया गया है। ये भी पढ़ेंः ऑनलाइन क्लासः 70% बच्चों के पास मोबाइल नहीं कैसे होगी पढ़ाई आवश्यकता एवं मांग के अनुसार सामुदायिक, सामूहिक एवं व्यक्तिगत बायोगैस संयंत्र स्थापित किए जाएंगे। खाना पकाने रसोई को स्वच्छ व धुआं-रहित बनाने प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में गैल्बनाइजिंग ऑर्गेनिक बायो एग्रो रिसोर्सेस (गोबर धन) परियोजना के तहत बायोगैस संयंत्र निर्माण किया जा रहा है। ये भी पढ़ेंः आजादी के सात दशक बाद भी मध्य प्रदेश की ऐसी तस्वीर कोविड के दौरान विद्यालय बंद थे। इसलिए प्रत्येक जिले में कम से कम एक गौशाला में तथा 5 से 10 घरों के बीच 20 से 25 सामूहिक बायोगैस संयंत्र लगाए जा रहे हैं। बायोगैस संयंत्रों को बढ़ावा देने के लिए जन- भागीदारी एवं सामाजिक व्यवहार परिवर्तन के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं। इस कार्य में शासकीय एजेंसी के रूप में ऊर्जा विकास निगम तथा एमपी एग्रो से सहयोग लिया जा रहा है। ये भी पढ़ेंः स्मैक के एक कश ने स्टेट लेबल खिलाड़ी को कर दिया बरबाद आरटीई में बच्चों के प्रवेश की दूसरी लॉटरी 14 को शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के अन्तर्गत सत्र 2021-22 में नि:शुल्क प्रवेश की प्रथम चरण की प्रवेश प्रक्रिया उपरांत गैरअनुदान मान्यता प्राप्त अशासकीय स्कूलों में शेष रिक्त सीटों पर द्वितीय चरण की प्रवेश प्रक्रिया 4 अगस्त से प्रारंभ हो रही है। संचालक राज्य शिक्षा केन्द्र धनराजू एस ने बताया कि पंजीकृत आवेदक 4 से 11 अगस्त तक स्कूल की च्वाइस को अपडेट कर सकेंगे। ऑनलाइन लॉटरी के माध्यम से 14 अगस्त को स्कूल का आवंटन किया जाएगा। आवंटित स्कूल में16 से 25 अगस्त 2021 तक बच्चे प्रवेश प्राप्त कर सकेंगे। संबंधित स्कूल को 25 अगस्त तक एडमिशन रिपोर्टिंग देनी होगी। इस संबंध में सभी जिलों के कलेक्टर और परियोजना समन्वयकों को निर्देश जारी किए गये है। |
बाढ़ से बर्बादी, पानी उतरते ही दिखने लगा तबाही का मंजर Friday 06 August 2021 07:39 AM UTC+00 भोपाल. ग्वालियर अंचल में पांच दिन से लगातार बारिश और नदियों के उफान के बाद कई जगहों पर अब जनजीवन सामान्य होने की दिशा में बढ़ रहा है। शिवपुरी में पांचवें दिन भी रुक-रुक कर बारिश होती रही। चंबल, क्वारी और सिंध नदी का जलस्तर नीचे खिसका है। शिवपुरी शहर सहित जिले में करीब 900 लोग बाढ़ में फंसे रहे, जिनको एनडीआरएफ, एसडीआरएफ व सेना के जवानों सहित पुलिस और प्रशासन की टीम ने सुरक्षित बाहर निकाल कर राहत शिविरो में पहुंचाया है। सेना के आधा दर्जन हेलिकॉप्टर बचाव कार्य में तीन दिन से लगे हैं। 53 लोगों को गुरुवार को एयरलिफ्ट व शेष को अन्य साधनों से पानी में से निकाला गया। सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए लोग जब अपने घर वापस पहुंच रहे हैं तो उन्हें सब कुछ तबाह ही मिल रहा है। जिले में बाढ़ से तीन सैकड़ा किसानों की फसलें, एक सैकड़ा लोगों के मकान टूटने, पुलिया, सडक़ें आदि टूटने व सामान खराब होने से करीब 100 करोड़ रुपए का नुकसान आंका जा रहा है। पानी के तेज बहाव में लगभग 300 किसानों की फसल बर्बाद हो गई। बाढ़ के कारण जिले मे 11 लोगों की जान भी गई है। ![]() तालाब फूटने वाला है, घरों से चले जाएं श्योपुर में शहर के 50 फीसदी से ज्यादा इलाकों के साथ ही बड़ौदा, विजयपुर, कराहल, वीरपुर, मानपुर क्षेत्र के दर्जनों गांवों में भारी नुकसान हुआ है। बारिश थमने के बाद सीप, कुनो, क्वारी, अहेली नदियां तो शांत हो गई, लेकिन पार्वती और चंबल नदी उफान पर है। पार्वती का जलस्तर खातीली पुल के ऊपर रहने के कारण श्योपुर-कोटा मार्ग लगातार चौथे दिन भी बंद रहा। गांव तो दूर शहर में भी प्रशासन की मदद नहीं पहुंच पाई है, जिससे लोग सडक़ों पर लोग बार-बार जाम लगा रहे हैं। शहर के मालियों के मोहल्ले में कलेक्टर और एसपी को आक्रोशित लोगों के गुस्से का सामना करना पड़ा। लोगों ने कलेक्टर राकेश श्रीवास्तव व एसपी संपत उपाध्याय के साथ झूमाझटकी कर दी। कलेक्टर की गाड़ी का शीशा फोड़ दिया। दोनों को भागकर जाना पड़ा। ![]() मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान गुरुवार को डबरा-भितरवार में बाढग़्रस्त इलाकों में पहुंचे। पीडि़तों से कहा कि जिनके घर टूट गए हैं, ढह गए है और बह गए हैं उन सभी के सरकार मकान बनवाएगी। किसी को भी चिंता करने की जरूरत नहीं है। चांदपुर वार्ड क्र. 28 में बाढ़ प्रभावित गांव का दौरा करने पहुंचे मुख्यमंत्री ने ट्रॉली पर खड़े होकर कलेक्टर को तत्काल सर्वे कराने के निर्देश दिए। हालांकि कई ग्रामीण नखुश थे। उनका कहना था कि मुख्यमंत्री केवल कुछ क्षेत्रों को देखकर चले गए। उनके साथ प्रभारी मंत्री तुलसी सिलावट थे। इधर भिण्ड जिले के सिंध नदी के तटवर्ती गांवों में बाढ़ की स्थिति अभी भी है। एनडीआरएफ और आर्मी जवानों के अलावा एसडीआरएफ और होमगार्ड के जवान रेस्क्यू कर रहे हैं अभी तक 200 से ज्यादा गांव से करीब 5000 से अधिक लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। लहार क्षेत्र के मड़ोरी निवसाई में ३ रात और 2 दिन से टापू पर पानी से चारों ओर फंसे रहे 3 दर्जन से ज्यादा परिवारों ने अंधेरे का सामना किया। ![]() धर, रौन क्षेत्र के मेहदा गांव में करीब 400 लोग एक बिहार के टीले पर पिछले 3 दिन से वक्त गुजार रहे हैं। ऐसे में जो खाने का सामान अब खत्म हो गया है। उमरी सर्कल अंतर्गत चुनाई, डोनिया पुरा खीरा श्यामपुरा और जखमोली के अलावा दाह का पुरा में करीब डेढ़ हजार लोगों के फंसे होने की सूचना है। मुरैना में चंबल नदी का जलस्तर अब घटकर 143. 70 मीटर पर आ गया है। सुबह 144. 70 मीटर था। वही क्वारी का भी जलस्तर गिर गया है। प्रशासन का दावा है कि 68 गांवों से 4596 लोगों को रेस्क्यू करके निकाला जा चुका है। अधिकांश गांवों से लोग अपने संसाधनों से निकल आए हैं। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और आर्मी के जवानों ने मोर्चा संभाल रखा है। दो दिन से मंदिर पर फंसे बाबा को निकाल लिया है, इसके लिए दो किमी तक नाव को सिर पर रखकर ले जाना पड़ा। ![]() दतिया में कई गांवों में मवेशी लापता हो गए हैं. सनकुआ घाट पर सिंध नदी का पानी 25 फीट नीचे तक आया है। नदी का जलस्तर गिरने से गांवों में भरा पानी भी कम हो गया है। बाढ़ में फंसे सभी लोगों को गुरुवार को ही रेस्क्यू कर निकाल लिया था। वर्तमान में किसी भी व्यक्ति के बाढ़ में फंसे होने की जानकारी नहीं है। बाढ़ के बाद कई गांवों में अनेक मवेशी लापता हैं। |
कोरोना की तीसरी लहर से बचने के लिए 9 अगस्त से सातों दिन 12 घंटे खुलेंगे वैक्सीन सेंटर Friday 06 August 2021 07:53 AM UTC+00 भोपाल। कोरोना की तीसरी लहर को लेकर मप्र में केस बढ़ने लगे हैं। लेकिन भोपाल सुरक्षित है, यहां अभी दो-तीन केस ही आ रहे है। लोगों को समय पर दूसरी डोज मिले इसके लिए रफ्तार बढ़ाने के निर्देश बीते दिन नगरीय विकास एवं आवास और जिले के प्रभारी मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने दिए थे। बता दें कि सरकारी स्कूल करोंद चौराहा, फॉरेस्ट गेस्ट हाउस चार इमली और रशीदिया स्कूल बरखेड़ी में आज यानी छह अगस्त से शुरू होने वाले सातों दिन सुबह 9 से रात 9 बजे तक वैक्सीनेशन सेंटर अब 9 अगस्त यानी सोमवार से शुरू किए जाएंगे। ![]() दरअसल शनिवार को अत्र उत्सव होने की वजह से इसकी तारीख आगे बढ़ा दी गई है। अपर कलेक्टर संदीप केरकेट्टा ने बताया कि कामकाजी लोगों के लिए तीन सेंटरों पर सातों दिन सुबह 9 से रात 9 बजे तक वैक्सीनेशन सेंटर खोले जा रहे हैं। इन सेंटरों पर कोवैक्सीन और कोविशील्ड के फर्स्ट और सेकंड डोज लगाए जा सकेंगे। यहां पर ऑन स्पॉट रजिस्ट्रेशन की सुविधा भी रखी गई है। जिससे कामकाज से जुड़े लोग यहां पर वैक्सीन लगवा सकते हैं। ये है कोरोना के आकड़े वहीं बात कोरोना के आकड़े की करें तो मध्यप्रदेश में कोरोना के 11 नए मरीज मिलने और 13 के स्वस्थ्य हो जाने के बाद 1523 सक्रिय मरीज हैं, जिनका इलाज किया जा रहा है। हैल्थ बुलेटिन के अनुसार पिछले चौबीस घंटों के दौरान 72,284 सैंपलों की जांच की गयी, जिसमें कोरोना के 11 नए मरीज सामने आए हैं। सबसे अधिक चार नए मरीज सागर में मिले। इसके अलावा भोपाल, छतरपुर, डिंडोरी, होशंगाबाद, इंदौर, कटनी और सिवनी में एक-एक मरीज मिले हैं। इसी के साथ संक्रमण दर 0.01 प्रतिशत दर्ज की गयी है। |
Dainik Rashifal 07 August 2021 : शनि करेंगे न्याय, जानें कैसा रहेगा आपका शनिवार का दिन? Friday 06 August 2021 08:15 AM UTC+00 | Tags: horoscope हर रोज होने वाले ग्रहों के परिवर्तनों का असर ज्योतिष के अनुसार हर राशि पर होता है। इसी कारण हर दिन स्थिति में बदलाव देखने को मिलता है, यानि कल यदि किसी राशि का दिन शुभ था तो ये जरूरी नहीं कि आज भी उसका दिन शुभ होगा मुमकिन है आज किसी ऐसी राशि के लिए विशेष दिन हो, जिसका कल का दिन काफी संघर्षों में बीता हो। ज्योतिष के जानकारों के अनुसार भी ग्रहों के परिवर्तनों के आधर पर ही हर दिन सभी 12 राशियों का फलादेश बदल जाता है। और हर दिन का यही फलादेश दैनिक राशिफल कहलाता है। आइये समझते हैं कि ज्योतिष चंदन श्यामनारायण व्यास के मुताबिक शनिवार Saturday, 07 अगस्त 2021 का दिन आपके लिए कैसा रहेगा? Read more - सिर्फ महाशिवरात्रि पर ही खुलता है शिव का ये मंदिर ![]() : Aries Daily Horoscope 07 August 2021 आज का मेष राशिफल : Taurus Daily Horoscope 07 August 2021 आज का वृषभ राशिफल Read more - 3rd wave of corona: कोरोना का तीसरी लहर Gemini Daily Horoscope 07 August 2021 आज का मिथुन राशिफल Cancer Daily Horoscope 07 August 2021 आज का कर्क राशिफल Read more - August 2021 Rashi Parivartan - अगस्त 2021 में राशि परिवर्तन, यहां देखें ![]() Leo Daily Horoscope 07 August 2021 आज का सिंह राशिफल Virgo Daily Horoscope 07 August 2021 आज का कन्या राशिफल Read more - Rain Astrology: जोरदार बारिश जल्द ही, ये बन रहे योग Libra Daily Horoscope 07 August 2021 आज का तुला राशिफल Read more - नागपंचमी 2021: अनोखा नागलोक ![]() Scorpio Daily Horoscope 07 August 2021 आज का वृश्चिक राशिफल Sagittarius Daily Horoscope 07 August 2021 आज का धनु राशिफल Capricorn Daily Horoscope 07 August 2021 आज का मकर राशिफल Read more - August 2021 Festival calendar - अगस्त 2021 के व्रत,पर्व व त्यौहार? ![]() Aquarius Daily Horoscope 07 August 2021 आज का कुंभ राशिफल Read more - सावन 2021 में पुष्य नक्षत्र योग Pisces Daily Horoscope 07 August 2021 आज का मीन राशिफल Read more - Sawan Month: शिवलिंग के दुग्धाभिषेक की पौराणिक कथा Tags:
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Sushma Swaraj Death Anniversary: यह थीं संकटमोचक मिनिस्टर, दिलचस्प हैं इनके राजनीति के किस्से Friday 06 August 2021 08:39 AM UTC+00 भोपाल। विदेश मंत्री, मुख्यमंत्री और मध्यप्रदेश के विदिशा से सांसद रही सुषमा स्वराज को शायद ही कोई भूल सकता है। वे अपने संबोधन से विरोधियों को भी सम्मोहित कर लेती थीं। उनके प्रखर भाषणों में कटाक्ष और आरोप लगाने की ऐसी मर्यादा थी कि आज भी उनके भाषणों को याद किया जाता है। वे 25 साल की कम उम्र में भारत की सबसे कम उम्र की कैबिनेट मंत्री बन गई थीं। निधन से कुछ समय पहले वे प्रधानमंत्री के कद तक भी पहुंच गई थीं। हरियाणा के अंबाला में 14 फरवरी 1952 में जन्मी सुषमा का निधन 6 अगस्त को हो गया था। तब वे विदिशा से सांसद थीं।
'एक किस्सा' सीरिज के अंतर्गत patrik.com पर प्रस्तुत है सुषमा स्वराज से जुड़े दिलचस्प पांच किस्से, जिसे लोग याद करते हैं...।
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जब भारत समेत 48 देशों के नागरिकों को बचाया बात उस समय की है जब सुषमा भारत की विदेश मंत्री बनाई गई थी। 2015 के दौरान जब यमन में युद्ध जैसे हालात बन गए थे और यमन सरकार और विद्रोहियों में जंग छिड़ गई थी। उन हालातों में हजारों भारतीय जिंदगी और मौत के बीच फंस गए थे। वहां फंसे भारतीयों ने भारत सरकार से मदद मांगी। ऐसे में एक संदेश मिलते ही सुषमा सक्रिय हो गई और दिन-रात अपने लोगों को बचाने के काम में जुट गईं। उसी रात प्लानिंग हुई और ऑपरेशन 'राहत' बनाया गया। सुषमा ने विदेश राज्यमंत्री एवं पूर्व आर्मी चीफ वीके सिंह को यमन भेजा। भारतीय वायुसेना के विमानों ने उस देश की जमीन पर कदम रखा और अपने 4640 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया। इसके अलावा 48 देशों के दो हजार नागरिक भी वहां फंसे थे, उन्हें भी भारतीय वायुसेना की मदद से एयरलिफ्ट किया गया। इतनी बड़ी संख्या में किया गया रेस्क्यू ऑपरेशन आज भी दुनियाभर में याद किया जाता है।
पाकिस्तान में फंस गया था यह भारतीय मुंबई निवासी हामिद अंसारी कथित तौर पर ऑनलाइन दोस्त बनी लड़की से मिलने 2012 में अफगानिस्तान के रास्ते पाकिस्तान चले गए थे। बाद में बगैर वीजा के उन्हें गिरफ्तार कर लिया। सजा पूरी होने के तीन साल बाद भी उसकी रिहाई नहीं होने की खबर जब सुषमा कोलगी तो सुषमा ने पहल की और 18 दिसंबर 2018 को आजाद करवा लिया। इसके बाद हामीद के माता-पिता विदेश मंत्रालय में सुषमा से मिलने आए, जहां अंसारी की मां ने कहा 'मेरी मैडम महान'।
मूक-बधिर लड़की को असली मां मिल गई -ऐसा ही मदद का किस्सा मूकबधिर बच्ची गीता का है, जो भटकते हुए पाकिस्तान की बार्डर में चले गई थी। वहां उसे ईदी फाउंडेशन में पहुंचा दिया गया था। जब पाकिस्तान से गीता की खबर आई तो विदेश मंत्री रहते हुए सुषमा स्वराज ने कहा था कि वो मेरी बेटी है और मैं उस भारत लाउंगी और उसके मात-पिता से मिलवाउंगी। गीता सुषमा स्वराज की जीते जी भारत आ गई, लेकिन उसकी असली मां से मिलने का सपना एक माह पहले ही पूरा हो चुका है। गीता को भारत लाना और असली मां से मिलने का श्रेय भी सुषमा को जाता है।
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सिर मुंडाकर पहनूंगी सफेद साड़ी चुनावों का दौर था, कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूपीए ने भाजपा के एनडीए गठबंधन को हरा दिया था। उस समय कांग्रेस की प्रमुख सोनिया गांधी सरकार का नेतृत्व करने वाली थीं। तब भाजपा सोनिया को प्रधानमंत्री नहीं बनने देने की बात पर अड़ गई थी। जगह-जगह प्रदर्शन हो रहे थे, विदेशी का मुद्दा सभी तरफ छा गया था। तब सुषमा स्वराज के एक बयान ने काफी सुर्खियां बटौरी थीं। तब स्वराज ने कहा था कि "संसद सदस्य बनकर अगर संसद में जाकर बैठती हूं तो हर हालत में मुझे उन्हें माननीय प्रधानमंत्री जी कहकर संबोधित करना होगा, जो मुझे गंवारा नहीं होगा। सुषमा ने यह भी ऐलान कर दिया था कि यदि सोनिया गांधी पीएम बन जाती हैं तो मैं सिर मुंडा कर सफेद साड़ी पहनूंगी, भिक्षुणी की तरह जमीन पर सोएंगी और सूखे चने खाकर गुजारा करूंगी। सुषमा का यह बयान आज भी राजनीतिक लोगों में चर्चा का केंद्र बन जाता है।
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जब चुनाव के लिए कन्नड़ भाषा सीख ली बात चुनाव की थी, सुषमा स्वराज को कर्नाटक के बेल्लारी से चुनाव लड़ाने की तैयारी थी, ऐसे में हिन्दी और अंग्रेजी की प्रखर वक्ता को स्थानीय भाषा की समस्या थी। इस बीच समय निकालकर उन्होंने कन्नड़ भाषा सीखी। कांग्रेस के गढ़ वाली इस सीट पर सोनिया गाधी की जीत पक्की थी। लेकिन, सुषमा ने उन्हें कड़ी चुनौती देने के लिए केवल 30 दिनों में ही कन्नड़ भाषा सीख ली। इस बीच वे चुनाव प्रचार में धाराप्रवाह कन्नड़ में भाषण देने लगी थीं। स्वराज ने सोनिया के खिलाफ विदेशी मूल पर मुद्दा उठाते हुए विदेशी 'बहू और देसी बेटी' का नारा दिया था। हालाकि सुषमा 56 हजार से अधिक वोटों से चुनाव हार गई थीं। लेकिन, उनके एक बयान से वे सभी का दिल जीत कर चले गई, जिसमें उन्होंने कहा था कि भले ही वो हार गईं, लेकिन संघर्ष उनके नाम रहा।
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हरियाणा की लड़की ने किया प्रेम विवाह 1975 में हरियाणा जैसे राज्य में प्रेम विवाह जैसा कदम उठाना सोचना भी मुश्किल था। उस समय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सुषमा और स्वराज कौशल की पहली मुलाकात पंजाब यूनिवर्सिटी में लॉ डिपार्टमेंट में पढ़ाई के दौरान हुई थी। चंडीगढ़ में साथ-साथ पढ़ाई के दौरान दोनों ने विवाह का फैसला कर लिया। उनकी शादी 13 जुलाई 1975 को हुई थी। बताया जाता है कि उन्हें दोनों ही परिवारों को मनाने के लिए काफी मशक्कत करना पड़ी थी खासकर हरियाणा की सुषमा स्वराज के परिवार में। सुषमा ने यहां भी साहस दिखाया और शादी कर ली। बाद में स्वराज कौशल भारतीय राजनीतिज्ञ बने और सर्वोच्च न्यायालय के वरिष्ठ वकील भी बने। छह साल तक राज्यसभा सांसद रहते हुए वे मिजोरम के राज्यपाल भी रहे।
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चुनाव नहीं लड़ने के फैसले पति को हुई ज्यादा खुशी मध्यप्रदेश के विदिशा से सांसद रही सुषमा स्वराज ने जब पिछले विधानसभा चुनाव के दौरान यह घोषणा की थी। इसके बाद सबसे अधिक खुशी उनके पति स्वराज कौशल को हुई। उन्होंने तत्काल ही ट्वीट कर कहा था कि चुनाव नहीं लड़ने के आपके फैसले के लिए धन्यवाद। मुझे याद है एक समय मिल्खा सिंह को भी रुकना पड़ा था। यह दौड़ 1977 से शुरू हुई थी। इसे अब 41 वर्ष हो गए हैं। आप अब तक 11 चुनाव लड़ चुकी हैं। दो बार 1991 और 2004 में चुनाव नहीं लड़ा। क्योंकि पार्टी ने आपको नहीं उतारा। मैं 46 वर्षों से आपके पीछे भाग रहा हूं। अब मैं 19 वर्ष का नहीं हूं। थैंक्यू मैडम। पुण्य तिथि पर सीएम ने दी श्रद्धांजलि पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की पुण्य तिथि पर शुक्रवार को मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उन्हें याद किया है। इस मौके पर इन नेताओं ने उनके कुछ विचार भी साझा किए हैं। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा है कि राष्ट्र एवं समाज की उन्नति के लिए जीवन की अंतिम सांस तक कार्य करने वाली, आदरणीय बहन सुषमा स्वराज जी की पुण्यतिथि पर उनके चरणों में नमन करता हूं। दीदी, आपके मंगल विचारों की पुण्य ज्योत सदैव जनसेवा के पथ को आलोकित कर राष्ट्र व समाज सेवा के लिए हमें प्रेरित करती रहेगी। |
फिर योगी की राह पर शिवराज सरकार, प्रदेश में गुंडा एक्ट लाने की तैयारी Friday 06 August 2021 10:17 AM UTC+00 भोपाल. मध्यप्रदेश की सरकार एक बार फिर यूपी की योगी सरकार की राह पर चलती नजर आ रही है। इस बार शिवराज सरकार मध्य प्रदेश में यूपी की योगी सरकार की ही तरह संगठित अपराध (Organize Crime) को रोकने के लिए गैंगस्टर एक्ट (Gangster Act) लाने की तैयारी में हैं। प्रदेश के गृह और विधि विभाग के अफसरों को इस एक्ट का ड्राफ्ट बनाने की जिम्मेदारी दी गई है। बता दें कि इससे पहले लव जिहाद के खिलाफ कानून बनाने के लिए योगी आदित्यनाथ की घोषणा के बाद ही शिवराज ने इसे मध्य प्रदेश में लागू करने का ऐलान किया था। ये भी पढ़ें- भारी बारिश के बीच बाढ़ ने रोका रास्ता तो महिला SI ने ऑटो में ही कराई बच्चे की डिलेवरी, देखें वीडियो ![]() गृह मंत्री ने दिए एक्ट के जल्द लागू होने के संकेत ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश में बाढ़- सिंध उतरी पर चंबल से बढ़ा खतरा, हजारों बेघर, एक-तिहाई फसल बर्बाद ऐसा हो सकता है कानून देखें वीडियो- छेड़छाड़ के आरोपियों को बंधक बनाकर पीटा |
Kajari Teej 2021: इस बार बन रहा है ये शुभ योग, जानें शुभ मुहूर्त व पूजा विधि Friday 06 August 2021 10:59 AM UTC+00 | Tags: dharma-karma हिंदू कैलेंडर के छठें माह यानि भाद्रपद के कृष्ण पक्ष की तृतीया को कजरी/ कजली तीज आती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कृष्ण जन्माष्टमी से 5 दिन पहले व रक्षाबंधन के 3 दिन बाद आने वाली इस तीज को कजली तीज,सातुड़ी तीज, कजरी तीज के नाम से भी जाना जाता है। ऐसे में इस साल यानि 2021 में बुधवार, 25 अगस्त 2021 को कजरी/ कजली तीज पर्व मनाया जाएगा। इस दिन तीज माता की सवारी पालकी को सजाकर निकाली जाती है। वहीं सुहागिन महिलाएं पति की लंबी उम्र व कुंवारी कन्याएं अच्छे पति की कामना के लिए इस दिन का व्रत करती हैं। इसके अलावा नीम की पूजा का भी इस दिन विधान है। कजली तीज के शुभ मुहूर्त : Read more - August 2021 Festival calendar - अगस्त 2021 के व्रत,पर्व व त्यौहार? ![]() ऐसे में इस बार यह पर्व गुरुवार, 25 अगस्त 2021 को मनाया जाएगा। वहीं इस दिन सुबह 05:57 बजे धृति योग बन रहा है। जिसे वैदिक ज्योतिष शास्त्र में बेहद खास माना जाता है। मान्यता के अनुसार इस दौरान किए जाने वाले कार्य सफल होते हैं। मान्यता के अनुसार, कजरी तीज के दिन ने भगवान शिव को पाने के लिए माता पार्वती व्रत किया था। कहा जाता है कि मां पार्वती की कठोर तपस्या के बाद ही उन्हें भोलेनाथ प्राप्त हुए थे। कजरी तीज: सुहागिनें इस दिन क्या करें? Read more- Sawan Month: शिवलिंग पर दूध चढ़ाने की पौराणिक कथा ![]() : सुहागिन महिलाओं के द्वारा कजरी तीज को मायके या मामा के यहां मनाने की परंपरा है। कजरी तीज व्रत में एक समय आहार करने के बाद दिन भर कुछ नहीं खाया जाता है। फिर नीमड़ी माता की पूजा करके नीमड़ी माता की कहानी सुनी जाती है। चांद निकलने पर चांद की पूजा की जाती है और अर्घ्य देने के बाद बड़ों के चरणस्पर्श किए जाते हैं। इसके बाद सत्तू के व्यंजन से व्रत खोला जाता है। गर्भवती स्त्री इस व्रत के दौरान फलाहार कर सकती हैं। यदि चांद उदय होते नहीं दिख पाए तो चांद निकलने का समय टालकर आसमान की ओर अर्घ्य देकर व्रत खोल सकते हैं। Tags:
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Gwalior Girls का कमाल, मैच हारकर भी जीत लिया दिल Friday 06 August 2021 11:46 AM UTC+00 भोपाल. खेल में उनका killer instinct दिखाई दिया था। ब्रिटेन के खिलाफ 2-0 से पिछड़ने के बाद भी वे नर्वस नहीं हुई थी बल्कि दोगुने उत्साह से हमले करने में जुट गई थीं। गुरजीत कौर के लगातार दो गोलों के बाद वंदना कटारिया ने गोल दागकर टीम को लीड दिला भी दी। इसपर भी जब टीम अंतत: हार गई तो वंदना की आंखों से आंसू छलक ही पड़े। Tokyo Olympic यहां तराशे इंडियन हॉकी टीम के हीरे, कोच ने बताया हैट्रिक गर्ल का ये राज ![]() टोक्यो ओलिंपिक में शुक्रवार को एक बार फिर भारतीय महिला हॉकी टीम ने गजब का प्रदर्शन किया। हालांकि टीम ग्रेट ब्रिटेन से हार गई और ब्रांज मेडल जीतने से भी चूक गईं पर टीम ने सभी का दिल जीत लिया। ब्रिटेन को 2-0 की बढ़त मिल चुकी थी पर भारतीय टीम ने 4 मिनट में 3 गोल कर बाजी पलट दी थी। एमपी में हाकी के गुर सीखनेवाली टीम की स्टार फारवर्ड वंदना कटारिया ने इस मैच में भी कमाल कर दिखाया था। Tokyo Olympic हॉकी में MP के बेटे का कमाल, क्वार्टर फाइनल में जगह पक्की कराई ![]() ताबड़तोड़ हमले कर वंदना ने 29वें मिनट में आखिरकार गोल दाग ही दिया। वंदना के इस गोल के साथ ही टीम इंडिया को 3-2 की बढ़त मिल गई। बाद में ब्रिटेन ने 4-3 से मैच जीत जरूर लिया पर मैच में अपने दमदार प्रदर्शन से वंदना ने अपनी काबिलियत फिर साबित कर दिखाई। टोक्यो ओलिंपिक में वे पूरे रंग में दिखाई दीं। टीम इंडिया की जीत पर MP में जश्न, ढोल की थाप पर थिरक उठे विवेक के माता-पिता और भाई ![]() भारतीय महिला हॉकी टीम को इस मुकाम तक लाने में वंदना कटारिया का सबसे अहम रोल रहा है. ओलिंपिक में उन्होंने कुल चार गोल दागे और टीम को सेमी फाइनल तक पहुंचाने में अपना योगदान दिया। अफ्रीका के खिलाफ बनाई गई उनकी हैट्रिक तो ओलिंपिक इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गई है। यही वो मैच था जिसने इंडिया को ढीलीढाली टीम की इमेज से उबारकर बुलंदियों पर पहुंचा दिया था। Tokyo Olympics 2020 विवेक बने करोड़पति, कोच को भी सम्मान निधि, सीएम शिवराजसिंह का एलान ![]() वंदना के साथ ही इस टीम में तीन अन्य ग्वालियर गर्ल्स भी थीं जिन्होंने अपने प्रदर्शन से भारतीय महिला हॉकी टीम को नई उंचाई प्रदान की है। पी सुशीला चानू, रीना खोखर और मोनिका मलिक भी इंडियन टीम में शामिल थी। ये सभी ग्वालियर स्थित मध्यप्रदेश महिला हॉकी अकादमी में प्रशिक्षण ले चुकी हैं. यहां कोच परमजीतसिंह ने इनका हुनर तराशा था। |
Astrology: अच्छा समय आने से पहले के ये हैं संकेत Friday 06 August 2021 12:25 PM UTC+00 | Tags: religion Jyotish: आज के दौर में धन को ही दूसरा देवता माना जाता है। ऐसे में हर व्यक्ति जल्द से जल्द धन पाकर अमीर होना चाहता है। जिसके चलते वह कई तरह के मार्ग भी अपनाता है। इनमें से जहां कुछ उचित तो कुछ अनुचित भी माने जाते हैं। लेकिन, धन की लालसा कई बार तो व्यक्ति के उचित व अनुचित विवेक को तक शून्य कर देती है। वहीं ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ऐसे अनेक संकेत हैं जो घर में धन आने से पहले मिलने लगते हैं, लेकिन जानकारी के अभाव में हम उन संकेतों को पहचान नहीं पाते। जिसका हमें बाद में नुकसान के रूप में फल भी भोगना पड़ता है। जानकारों के अनुसार जो शुभ संकेत मिलते हैं उनसे यह पता चलता है कि आपके घर में माता लक्ष्मीजी का आगमन होने वाला है साथ ही आपको अपार धन भी मिलेगा। Must Read- 2021 में इस समय जोरदार बारिश के योग ![]() कुल मिलाकर आप इसे अच्छे समय का संकेत भी मान सकते हैं, लेकिन इसे पहचानना आसान नहीं होता। पंडित सुनील शर्मा के मुताबिक ज्योतिष के अनुसार माता लक्ष्मी के आगमन से पहले जो संकेत मिलते हैं, वे इस प्रकार हैं: : यदि आपको अपने घर के बाहर काफी दिन से देवी मां लक्ष्मी का वाहन उल्लू दिखा रहा हो तो ये आपके घर पर माता लक्ष्मी के आगमन संकेत माना जाता है। जिससे आपको अपार धन मिलेगा। : घर में काले रंग की चिंटियां अचानक आकर झुंड़ में कुछ खाने लगे तो माना जाता है कि लक्ष्मीजी आपके घर आने वाली हैं, जिसके चलते आपको काफी धन मिलने वाला है। : घर में किसी चिड़िया द्वावा घोंसला बनाना काफी शुभ माना जात है। इसका अर्थ ये मना जाता है कि जल्द ही आपके घर में देवी लक्ष्मी का आने वाली है। : इसके अलावा सोते में झाडू, उल्लू, घड़ा, बंसी, हाथी, नेवला, शंख, छिपकली, तारा, सांप, गुलाब आदि का दिखाना भी धन प्राप्ति के संकेत माने जाते हैं। Must Read- ज्योतिषों की राय,तीसरी लहर आना तय, इस माह आएगा चरम ![]() : घर अचानक तीन छिपकलियों का एक ही स्थान पर दिखाना काफी शुभ माना जाता है। इसे महालक्ष्मीजी के आगमन का संकेत भी कहते है। यह भी माना जाता है कि यदि इस दौरान छिपकलियां एक दूसरे का पीछा कर रही होती हैं तो इसका अर्थ घर की उन्नति के संकेत से जोड़ा जाता है। वहीं तुलसी के पौधे के आसपास दीपावली के दिन छिपकली का दिखाना काफी शुभ माना जाता है। मान्यता के अनुसार अपार धन मिलने का संकेत होता है। : घर से बाहर जाते समय यदि रास्ते में कोई कुत्ता अपने मुंह में खाने वाली कोई शाकाहारी चीज़ या रोटी लाता हुआ दिखाई देता है तो यह संकेत धनलाभ का माना जाता है। : वहीं पुरुषों के दाहिनी हथेली में लगातार खुजली को भी धन प्राप्ति के शुभ संकेत से जोड़कर देखा जाता है। : सुबह उठते ही शंख की आवाज सुनाई देना भी देवी लक्ष्मी के आने का संकेत मानी जाती है। : वहीं घर से बाहर जाते समय गन्ना दिखाना भी धन प्राप्ति का संकेत माना जाता है। : यदि आपको सुबह-सुबह घर से बाहर निकलते ही लगातार कई दिनों कोई झाडू लगाता दिखाई दे तो इसका अर्थ ये माना जाता है कि आप बहुत जल्द धनवान होने वाले हैं। Tags:
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Khel Ratna award: मेजर ध्यानचंद के नाम हुआ खेल रत्न अवार्ड, बेटे ने बोली भावुक करने वाली बात Friday 06 August 2021 01:38 PM UTC+00 भोपाल। Khel Ratna award केंद्र सरकार ने देश के सबसे बड़े खेल रत्न पुरस्कार का नाम बदल दिया है। यह पुरस्कार मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार के नाम से जाना जाएगा। पहले यह पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के नाम पर था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को ट्वीट के जरिए यह जानकारी देश को दी। झांसी में मेजर ध्यानचंद के बेटे अशोक ध्यानचंद ने पत्रिका से बातचीत में इसे खुशी का क्षण बताते हुए प्रधानमंत्री मोदी के फैसले की तारीफ की है।
patrika.com पर पेश है मेजर ध्यानचंद के बेटे अशोक ध्यानचंद से बातचीत के अंश..।
हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद के बेटे अशोक ध्यानचंद ने पत्रिका से बातचीत में कहा कि यह बेहद खुशी का क्षण है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की खेलों के प्रति सोच उभरकर आई है। उन्होंने खेलों के महत्व को समझा है। उन्होंने खिलाड़ियों के संघर्ष को पहचाना है।
हॉकी की दोनों टीमों को श्रेय अशोक ध्यानचंद ने कहा कि टोक्यो ओलंपिक में खेलकर इतिहास रचने वाली पुरुष और महिला हॉकी टीम को यह श्रेय जाता है। क्योंकि ओलंपिक में इन टीमों के प्रदर्शन के कारण ही आज हॉकी की इतनी चर्चा हो रही है। उन टीमों ने मेजर साहब को यह सम्मान दिलाया है। अशोक ध्यानचंद ने कहा कि मैं इस क्षण बेहद भावुक हैं, बार-बार खुशी के आंसू निकल रहे हैं। यह सम्मान हर देशवासियों को मिला है, मेरे घर और झांसी को मिला है। tokyo olympics 2020: भारतीय हॉकी टीम की शानदार जीत, हर तरफ जश्न का माहौल, देखें VIDEO
'भारत रत्न' के लिए बोली यह बात मेजर ध्यानचंद को 'भारत रत्न' देने के सवाल पर अशोक ध्यानचंद ने कहा कि यह भावनाएं सारे देश की है, देश जानता है वे एक जमीनी इंसान थे। यदि ऐसा होता है, यह देश के हर व्यक्ति और घर का सम्मान होगा।
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मुख्यमंत्री बोले- ध्यानचंदजी को सच्ची आदरांजलि हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद ने अपने अद्भुत खेल से न सिर्फ सारी दुनिया का दिल जीता, बल्कि अपने देश को भी एक अलग पहचान दिलाई। खेल रत्न पुरस्कार मेजर ध्यानचंद जी के नाम पर रखना उन्हें सच्ची आदरांजलि है। इस निर्णय के लिए मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी का अभिनंदन करता हूं। यह भी पढ़ेंः मेजर ध्यानचंद थे भारत रत्न के हकदार, बेटा बोला खुद पर करती सरकार अहसान कब हुई थी इसकी शुरुआत खेल के क्षेत्र में सराहना और जागरूकता के लिए खेल रत्न पुरस्कार की शुरुआत 1991-92 में हुई थी। शतरंज ग्रैंड मास्टर विश्वनाथन आनंद इस पुरस्कार को पाने वाले पहले खिलाड़ी थे।
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किसी भी वर्ष अप्रैल के अंत तक इसके लिए नामांकन स्वीकार किए जाते हैं। एक खेल के दो खिलाड़ियों से अधिक को नामित नहीं किया जाता है। 12 सदस्यीय समिति ओलपिक, पैरालिंपिक, एशियाई और राष्ट्रमंडल खेलों के अंतरराष्ट्रीय आयोजन में से एक खिलाड़ी का मूल्यांकन करती है।समिति बाद में खेल एवं युवा मामलों के मंत्री केपास मंजूरी के लिए अपनी सिफारिश भेजती है।
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Raksha Bandhan: लक्ष्मीजी से जुड़ा है रक्षाबंधन का त्योहार, जानें ये पौराणिक कथा Friday 06 August 2021 02:10 PM UTC+00 | Tags: festivals हिंदू कैलेंडर में हर साल श्रावण माह की पूर्णिमा को भाई बहन के प्रेम का पर्व रक्षाबंधन मनाया जाता है। ऐसे में इस साल 2021 में भी श्रावण माह की पूर्णिमा पर यानि रविवार 22 अगस्त को रक्षा बंधन का पर्व मनाया जाएगा है। इस दिन भाइयों की दीर्घायु और स्वस्थ जीवन के लिए उनकी बहनें कलाई में राखी बांधेंगी। ऐसे में ये सवाल कई लोगों के मन में उठता है कि आखिर रक्षाबंधन पर्व के पीछे की कहानी क्या है और यह कब शुरु हुआ। इस संबंध में पंडित पीसी जोशी के अनुसार यूं तो रक्षाबंधन पर्व को लेकर कई कथाएं समाने आती हैं, लेकिन इसका मुख्य पौराण्कि कथा माता लक्ष्मी से जुड़ी हुई है, जिसके चलते आज भी रक्षा बंधन का त्योहार मनाया जाता है। पंडित जोशी के मुताबिक कई लोगों का मानना है कि कि वृत्तासुर से युद्ध करने जब इंद्र जा रहे थे, तो इंद्र को रक्षा सूत्र उनकी पत्नी शची ने उन्हें बांधा था। Must Read- इस शुभ योग में मनेगी कजली तीज 2021 ![]() जिसके बाद से रक्षा बंधन का त्यौहार मनाया जाने लगा, लेकिन इस त्यौहार की खास बात भाई बहन के रक्षासूत्र से जुड़ी हुई है। ऐसे में रक्षाबंधन त्यौहार तब बना, जब इस सूत्र से देवी माता लक्ष्मी का नाता जुड़ा। पंडित जोशी के अनुसार दरअसल स्कंद पुराण, पद्मपुराण और श्रीमद्भागवत पुराण मुताबिक जब भगवान विष्णु के प्रथम अवतार वामन ने महाराज बली से ढ़ाई पग भूमि मांगने के बाद बलि को पाताललोक का राजा बना दिया, मौका देख राजा बलि ने भगवान से एक वरदान मांग लिया, जिसके अनुसार भगवान को रात-दिन उनके सामने रहने का वचन देना पड़ा। वामनावतार के बाद दरअसल भगवन विष्णु को देवी लक्ष्मी के पास पुन: वापस था ,लेकिन इस वरदान ने भगवान विष्णु को रोक दिया और वे वहीं रसातल में बलि की सेवा में करने लगे। Must Read- सावन में पुष्य नक्षत्र ![]() वहीं जब इस बारे में पता चलने पर माता लक्ष्मी चिंता में आ गईं। तब नारदजी ने लक्ष्मीजी को एक उपाय बताते हुए कहा कि आप राजा बलि को भाई बनाकर उनसे रक्षा का अपने लिए वचन ले लें। यह सुनते ही माता लक्ष्मी एक साधारण महिला का रूप धारण कर रोते हुए राजा बलि के दरबार में पहुंच गईं। राजा बलि ने उनके रोने का कारण पूछा। तो साधारण महिला बनी माता ने कहा कि मेरा कोई भाई नहीं और मुझे कोई बहन नहीं बनाना चाहता, मैं क्या करूं महाराज। उनकी यह व्यथा सुनकर राजा बलि ने उन्हें अपनी धर्म बहन बनाने का प्रस्ताव रखा। तब साधारण महिला रूप आईं माता लक्ष्मी ने राजा बलि को रक्षा सूत्र बांधा और वचन लिया कि कि वह बहन की रक्षा करेंगे और उससे दक्षिणा भी देंगे। राजा बालि ने उन्हें ये वचन दे दिया। वचन मिलते ही माता लक्ष्मी ने असली रूप में आ गईं और बोलीं कि यदि आपने मुझे अपनी बहन माना है तो दक्षिणा के रूप में आप मुझे मरे पति को लौटा दें। जिस पर अपने वचन का पालन करते हुए राजा बलि ने भगवान विष्णु माता लक्ष्मी को लौटा दिए। इस प्रकार माता लक्ष्मी बलि को अपना भाई बनाने के बाद श्रीहरि को भी वचन से मुक्त करा लिया और उन्हें अपने साथ लें गई। मान्यता के अनुसार जिस दिन यह घटना घटी, उस दिन श्रावण मास की पूर्णिमा तिथि थी। ऐसे में इसी दिन से रक्षा बंधन का यह त्यौहार प्रचलन में है। Tags:
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गुजरात के हीरा व्यापारी के 5 लाख लूटने वाले दो कांस्टेबल बर्खास्त, टीआइ ने पकड़वाया था रंगे हाथ Friday 06 August 2021 02:47 PM UTC+00 टीआई ने पूरी घटना डीआईजी को बताई थी जिसके बाद दूसरे दिन थाने जाकर एसपी साउथ एवं एएसपी जोन टू ने आरोपियों के बयान दर्ज किए थे। एक महीने से दोनों आरोपी पुलिस कर्मी लाइन अटैच चल रहे थे। ये था पूरा मामला 10 जुलाई की रात गुजरात के हीरा एवं सोना व्यापारी जीके गोल्ड एंड डायमंड कंपनी के मैनेजर प्रवीण भाई धीरूजी भाई के 2 प्रतिनिधियों से आरोपी पुलिस कर्मियों ने 5 लाख रुपए लूट लिए थे। गुजरात के व्यापारी के एजेंट किशन दिलीप जाडा एवं रोनक भरत सिंह देवड़ा नामक दोनों प्रतिनिधि एक्टिवा गाड़ी से बैग में 26 लाख नगद राशि लेकर लाल घाटी में पवन जी भाई नामक व्यापारी को भुगतान करने जा रहे थे। 10 जुलाई की रात अयोध्या नगर थाने के सिपाही सुमित बघेल एवं विनोद रावत अपनी प्राइवेट पल्सर मोटरसाइकिल से मिनाल रेसीडेंसी गेट नंबर पांच के पास घूम रहे थे और उन्होंने दोनों प्रतिनिधियों को रोक लिया। चेकिंग के दौरान जब बैग में पैसा मिला तो उन्होंने दोनों प्रतिनिधियों को जेल में डालने की धमकी दी और 5 लाख रुपए नगद हड़प लिए। इसके बाद दोनों प्रतिनिधियों को मौके से भगा दिया गया। लूट की घटना को अंजाम देने के बाद सिपाही सुमित बघेल एवं विनोद रावत अयोध्या नगर थाने के टीआई पवन कुमार सेन से मिलने नरेला शंकरी रजनी अस्पताल चेकिंग पॉइंट पर पहुंच गए। यहां दोनों सिपाहियों ने थाना प्रभारी को लालच देने का प्रयास किया। दूसरे दिन गुजरात के व्यापारी जीके गोल्ड एवं डायमंड कंपनी के मैनेजर प्रवीण भाई धीरूजी भाई स्वयं अपने दोनों प्रतिनिधियों को लेकर अयोध्या नगर थाने पहुंच गए। गुजरात के व्यापारी ने दोनों सिपाहियों द्वारा उनके प्रतिनिधियों से जबरदस्ती 5 लाख रुपए की राशि लूटने की बात टीआई को बताई। एसपी साईं कृष्णा थोटा, एडिशनल एसपी राजेश सिंह भदौरिया, सीएसपी सुदेश दामले ने जब सिपाही विनोद रावत एवं व्यापारी, उसके दोनों प्रतिनिधियों का आमना सामना कराकर बयान लेने शुरू किए तो सब सच सामने आ गया। |
एमपी को जल्द मिलेगा नया नेता प्रतिपक्ष, कमलनाथ ने बदली अपनी प्रोफाइल Friday 06 August 2021 03:02 PM UTC+00 भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के नाम का जल्द ऐलान हो सकता है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के साथ नेता प्रतिपक्ष की भी दोहरी जिम्मेदारी संभाल रहे कमलनाथ यह पद छोड़ सकते हैं। इसी मानसून सत्र से पहले रविवार 8 अगस्त को कांग्रेस कोई बड़ा परिवर्तन कर सकती है। नए नेता प्रतिपक्ष के लिए कांग्रेस विधायक सज्जन सिंह वर्मा और गोविद सिंह के नामों की भी अटकलें शुरू हो गई हैं।
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मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ जल्द ही नेता प्रतिपक्ष का पद छोड़ सकते हैं। ट्वीटर प्रोफाइल से नेता प्रतिपक्ष पद का नाम हटाने के बाद से अटकलें तेज हो गई हैं। नए नेता प्रतिपक्ष की दौड़ में कमलनाथ के करीबी सज्जन सिंह वर्मा और दिग्विजय के करीबी माने जाने वाले गोविंद सिंह का नाम भी लिया जा रहा है।
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![]() कमलनाथ के निवास पर विधायक दल की बैठक इधर, खबर है कि कांग्रेस ने 9 अगस्त से शुरू होने वाले विधानसभा के मानसून सत्र से ठीक एक दिन पहले बैठक बुलाई है। जिसमें विधानसभा समेत कई रणनीति पर चर्चा होगी। यह बैठक कमलनाथ के बंगले पर शाम 7 बजे होगी। माना जा रहा है कि इस समय नए नेता प्रतिपक्ष के नाम का खुलासा हो सकता है।
![]() सक्रिय हैं गोविंद सिंह कुछ दिनों से गोविंद सिंह नेता प्रतिपक्ष बनने के लिए कुछ दिनों से सक्रिय हैं। पिछले सप्ताह ही उनका एक बयान सुर्खियों में रहा। उन्होंने एक सवाल के जवाब में ग्वालियर में मीडिया से कहा था कि मै आज भी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभा रहा हूं। कमलनाथजी ने मुझे बहुत सारी जिम्मेदारी दी है वो निभा रहा हूं। मैं सदन में कांग्रेस का पक्ष मजबूती के साथ रखता हूं।
![]() बड़ी भूमिका निभा सकते है कमलनाथ पिछले माह 15 जुलाई को कमलनाथ 10 जनपद स्थित सोनिया गांधी से मुलाकात करने गए थे। तभी से गांधी परिवार के बेहद करीबी कमलनाथ को कोई अहम जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा शुरू हो गई थीं। कांग्रेस पार्टी में कमलनाथ की अच्छी पकड़ मानी जाती है और सभी नेताओं से उनके अच्छे संबंध हैं। राजनीतिक विश्लेषक इसे पांच राज्यों में होने वाले चुनाव की रणनीति से भी जोड़ते रहे। उन्हें कांग्रेस का कार्यकारी अध्यक्ष बनाए जाने की भी चर्चा मीडिया रिपोर्ट्स में बताई गई।
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गांधी परिवार के साथ कमलनाथ का रिश्ता अपने दोस्त संजय गांधी के जमाने का है। इंदिरा कमलनाथ को अपना तीसरा बेटा मानती थीं। संजय के कहने पर ही कमलनाथ ने राजनीति में पहला कदम रखा था। पहली बार 1980 में लोकसभा में पहली बार छिंदवाड़ा से चुनाव लड़ा। तब इंदिरा ने चुनाव प्रचार में कहा था कि राजीव और संजय के बाद कमलनाथ मेरे तीसरे बेटे हैं और मैं अपने बेटे के लिए वोट मांगने आई हूं। इसके बाद कमलनाथ 9 बार लगातार सांसद रहे। |
बाढ़ का कहर : 21311 हैक्टेयर में फसलें बर्बाद Friday 06 August 2021 03:46 PM UTC+00 Jitendra Chourasiya, भोपाल। ग्वालियर-चंबल में बाढ़ के कहर से 21311 हैक्टेयर से ज्यादा क्षेत्र की फसल बर्बाद हो गई है। राज्य सरकार ने केंद्र से राहत राशि मांगने के लिए नुकसान का प्रारंभिक आकलन शुरू कर दिया है। इसके तहत फिलहाल प्रायमरी-डाटा तैयार किया गया है, जो जल्द केंद्र को भेजा जा सकता है। इसके तहत प्रारंभिक आकलन व अनुमान के हिसाब से 23 हजार से ज्यादा मकान पूरी तरह नष्ट हुए हैं। वहीं 1700 से ज्यादा पशुओं की मौत हुई है। गांव और शहरों की सैकड़ों किमी सडक़ें पूरी तरह बर्बाद हो गई है। इसका आकलन अभी किया जा रहा है। इसके अलावा बिजली के सब-स्टेशन पूरे-पूरे तबाह हो गए। अभी 5647 ट्रांसफार्मर नष्ट होने का आकलन है, जो और बढ़ सकता है। अभी तक कुल 27836 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा है। वहीं बाढ़ के बीच से 6918 लोगों को रेस्क्यू किया है। अब भी अनेक लोग बाढ़ में फंसे हैं। |
सिंधिया-शिवराज की अमित शाह से बात, जल्द आएगी केंद्र की टीम Friday 06 August 2021 03:49 PM UTC+00 Jitendra Chourasiya,भोपाल। ग्वालियर-चंबल में बाढ़ के कहर को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मध्यप्रदेश के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मदद मांगी है। इसके चलते अशोकनगर और गुना में एनडीआरएफ की टीम भेजी जाएगी। शिवराज ने शुक्रवार को अमित शाह से फोन पर बात की। इसमें अशोकनगर में रेस्क्यू के लिए आर्मी की मदद मांगी। शिवराज ने शाह को बताया कि अशोकनगर में पचास लोग बाढ़ में फंस गए हैं। तेज बारिश के कारण एयरफोर्स के हैलीकॉप्टर उड़ान नहीं भर पाए। इसलिए एनडीआरएफ और आर्मी की टीम भेजने के लिए कहा। इस पर शाह ने एनडीआरएफ और आर्मी की टीम जल्द भेजने की बात कही है। दूसरी ओर सिंधिया ने शुक्रवार को ट्वीट किया कि केंद्रीय गृह मंत्री से बात हुई है। मेरे अनुरोध पर उन्होंने गुना और अशोकनगर में एनडीआरएफ की टीम भेजने का निर्णय लिया है। टीम जल्द पहुंच जाएगी। इसके बाद केंद्र का एक दल बाढ़ से नुकसान के आकलन के लिए आएगा। शाम तक एनडीआरएफ की दो टीमें अशोकनगर के लिए रवाना भी हो गई। राज्य शासन ने अगस्त के प्रथम सप्ताह में विशेष तौर पर ग्वालियर, चम्बल संभाग के 8 जिलों में अभूतपूर्व भारी वर्षा से हुए नुकसान के मूल्यांकन के लिये केन्द्र सरकार से तुरंत अंतर-मंत्रालयी केन्द्रीय टीम भेजने का अनुरोध किया है। केन्द्र शासन को भेजे पत्र में कहा गया है कि एक अप्रैल, 2021 को राज्य आपदा राहत कोष का खर्च शून्य था। राज्य आपदा राहत कोष 2020-21 के तहत 2427 करोड़ रुपये का प्रावधान है। इसमें से 20 प्रतिशत यानि 485.4 करोड़ रुपये मिटिगेशन (शमन) और 970.80 करोड़ रुपये कोविड-19 के लिये निर्धारित किये गये। एक अप्रैल, 2021 से 5 अगस्त, 2021 के मध्य एसडीआरएफ के तहत 576.13 करोड़ व्यय होने के बाद शेष राशि 1364.47 करोड़ रुपये है। ------------------------- |
शिवराज बोले- सहकारिता बनेगी प्रदेश का ग्रोथ-इंजन Friday 06 August 2021 03:52 PM UTC+00 jitendra.chourasiya@भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सहकारिता हमारे संस्कार और संस्कृति में है। सबका कल्याण-सबकी भलाई की सोच ही सहकारिता है। कोरोना काल में सहकारिता से ही सेवा हुई। प्रदेश में सहकारिता के माध्यम से अर्थव्यवस्था का नवनिर्माण किया जाएगा। पर्यटन, डेयरी, पशुपालन, मत्स्य पालन आदि विभिन्न क्षेत्रों में सहकारिता को मजबूत बनाया जाएगा। प्रदेश में सहकारिता 'ग्रोथ का इंजन' बनेगी। |
सीएम हेल्पलाइन: अफसरों की सुस्ती के आगे कमजोर पड़ता जनता का भरोसा, सिर्फ आंकड़ों में राहत, सिस्टम से अपग्रेड हो जाती हैं शिकायतें, हल नहीं होतीं Friday 06 August 2021 03:53 PM UTC+00 भोपाल. कोरोना काल में बंद पड़ी जनसुनवाई के बाद जनता का आखिरी भरोसा सीएम हेल्पलाइन अफसरों की सुस्ती के आगे कमजोर पड़ती जा रही है। यहां सिर्फ आंकड़ों की बाजीगरी होती है। शिकायत अपग्रेड होती जाती है, समाधान का प्रतिशत काफी कम रहता है। यही वजह है कि 5 अगस्त 2021 की स्थिति में भोपाल के 197 विभागों/ उप विभागों की 8455 शिकायतें अलग-अलग विभागों में लंबित हैं। एल-1 से ज्यादा शिकायतें एल-4 पर आकर लंबित हो जाती हैं। शिकायतकर्ता इस आश्वासन पर बैठा रहता है कि उसने सीएम हेल्पलाइन में शिकायत की है। निराकरण जरूर होता, लेकिन यहां सिस्टम की बाजीगरी में उलझी शिकायतें सिर्फ आंकड़ा बढ़ाती रहती हैं। अगर कोई शिकायतकर्ता असंतुष्ठ है और बार-बार शिकायतें कर रहा है तो उसकी शिकायत अगले 100 और 300 दिन की लंबित सूची में डालकर इतिश्री कर ली जाती है। राजधानी में शिकायतों को लेकर विभागों की स्थिति बदलती रहती है। कभी ऊर्जा विभाग टॉप पर रहता है तो कभी राजस्व विभाग। कोरोना काल में चिकित्सा शिक्षा, यहां तक की सुल्तानिया अस्पताल की शिकायत भी सीएम हेल्पलाइन पहुंची है। पोर्टल पर की गई पड़ताल में भोपाल की शिकायतों में एल-1 पर आईं शिकायतों के बाद एल-2,एल-3 स्तर पर तेजी से शिकायत दौड़ती है। लेकिन एल-4 पर आकर मामला अटक जाता है। 300 दिन लंबित शिकायतों में सबसे ज्यादा स्कूल की 100 दिन लंबित शिकायतों में सबसे ज्यादा राजस्व की इस समय सीमा में सबसे ज्यादा 669 शिकायतें राजस्व विभाग की है। स्कूल शिक्षा विभाग की 449 शिकायतें हैं। चिकित्सा शिक्षा विभाग की 349 शिकायतें लंबित हैं। जो एल-4 स्तर पर जाकर अटकी हुईं हैं। सबसे कम शिकायत सामाजिक न्याय विभाग की है। 5 अगस्त तक लंबित शिकायतों की स्थिति अगस्त--2021 खाद्य आपूर्ति विभाग----553 सुल्तानिया महिला चिकित्सालय----423 पुलिस---339 संस्थागत वित्त---230 अतिक्रमण--नगर निगम,-----214 लीड बैंक---174 केस-1, -अधिक फीस की शिकायत केस-2, नामांतरण को लेकर की शिकायत लगातार बैठकों में देते हैं निर्देश-कलेक्टर कलेक्टर अविनाश लवानिया हर सप्ताह होने वाली टीएल बैठक में अफसरों को सीएम हेल्पलाइन की पेंडेंसी निपटाने के निर्देश देते हैं। कुछ समय पूर्व लंबित केसों को लेकर 250 रुपए जुर्माना भी लगाया। शिकायतें काफी कम हुईं, इसके बाद भी सीएम हेल्पलाइन में 8455 शिकायतें बाकी हैं। कलेक्टर ने बताया कि वे लगातार इसकी मॉनीटरिंग कर रहे हैं ताकि जानता को लाभ मिल सके। |
तबादला आदेशों पर रोक, 15 अगस्त के बाद फिर होगा फैसला Friday 06 August 2021 03:58 PM UTC+00 Jitendra Chourasiya, भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश में सरकारी अधिकारी-कर्मचारी के तबादला आदेश जारी करने पर फिलहाल रोक लगा दी है। दरअसल, शुक्रवार को विशेष कैबिनेट बैठक में कुछ मंत्रियों ने तबादला डेट बढ़ाने का मुद्दा उठाया। इस पर सीएम ने कहा कि अभी कोई तबादला आदेश जारी न करें। पंद्रह अगस्त के बाद इसे देखा जाएगा। |
टॉस्क फोर्स बनेगा, केंद्र को प्रारंभिक सर्वे रिपोर्ट भेजेंगे Friday 06 August 2021 04:01 PM UTC+00 भोपाल :मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश के जिन जिलों में अति वर्षा और बाढ़ के कारण जान-माल का जो नुकसान हुआ है उसके लिए प्रभावितों को आवश्यक सहायता प्राथमिकता से दी जायेगी। मंत्रालय में आज केबिनेट बैठक के पहले मुख्यमंत्री चौहान ने बताया कि प्रदेश के कुछ जिलों में बाढ़ से काफी क्षति हुई है। राहत के लिए राज्य सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जनता के लिए राहत कार्यों के उद्देश्य से विभिन्न विभाग शामिल कर टास्क फोर्स बनेगा। टास्क फोर्स में विभागों के मंत्री, अपर मुख्य सचिव और प्रमुख सचिव शामिल रहेंगे। टास्क फोर्स में नगरीय प्रशासन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, लोक निर्माण, जल संसाधन, स्वास्थ्य, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, ऊर्जा, राजस्व, कृषि और पशुपालन विभाग शामिल रहेंगे। अधोसंरचना को फिर से खड़ा करने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ बनाई जायेंगी। बाढ़ प्रभावित परिवार को 50 किलो अतिरिक्त खाद्यान्न प्रदान किया जायेगा। बाढ़ प्रभावितों के लिए पैकेज मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि बाढ़ प्रभावितों के लिए पैकेज घोषित कर पूरी मदद की जायेगी। प्रधानमंत्री ने भी आश्वस्त किया है कि सहायता देने में कोई कमी नहीं रहेगी। जिनके मकान नष्ट हो गये हैं, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना में राशि दी जायेगी। इसके लिए मनरेगा से कन्वर्जेंस भी किया जायेगा। प्रति आवास इकाई के लिए एक लाख 20 हजार रूपये की व्यवस्था होगी। फिलहाल 6 हजार रूपये की एकमुश्त राशि देकर ऐसे नागरिकों को अन्यत्र किराये का मकान लेने या क्षतिग्रस्त मकान को रहने लायक बनाने के लिए सहायता दी जायेगी। जिन परिवारों के किसी सदस्य की असमय मृत्यु हुई है, ऐसे प्रकरण में 4 लाख रूपये की सहायता परिवार को प्राप्त होगी। खाद्यान्न की व्यवस्था के लिए भी निर्देश दिये जा रहे हैं। जीवन में नहीं देखी ऐसी भयानक त्रासदी मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि उन्होंने ग्वालियर और चंबल संभाग के जिलों में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का भ्रमण किया है। ऐसी भयानक आपदा उन्होंने जीवन में नहीं देखी। इस त्रासदी में अनेक मकान नष्ट हो गए। प्रभावित क्षेत्र में मलबे के ढेर दिखाई देते हैं। घरेलू सामान के साथ अनाज और आवश्यकता की अन्य वस्तुओं की क्षति हुई है। मवेशी भी बह गए हैं। अधोसंरचना भी क्षतिग्रस्त हुई है। बिजली के ट्रांसफार्मर और पोल भी गिरे हैं। अनेक स्थान भयानक तबाही के प्रमाण दे रहे हैं। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि यह संतोष का विषय है कि समय पर रेस्क्यू किए जाने से अनेक जिंदगियाँ बचाई जा सकी। त्रासदी बड़ी है लेकिन हम परिश्रम की पराकाष्ठा करेंगे। मंत्री भी प्रभावित क्षेत्र में डटे हुए हैं। प्रशासकीय टीम भी हर जिले में सक्रिय है। राहत के कामों में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। आपदा से नागरिकों को बाहर निकाल कर ले आएंगे, यह हमारा संकल्प है। राशन वितरण का कार्यक्रम मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि शनिवार, 7 अगस्त को हो रहे प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के कार्यक्रम स्वरूप में कोई परिवर्तन नहीं किया जा रहा। सिर्फ बाढ़ प्रभावित जिले छोड़कर शेष जिलों में यथावत गतिविधियाँ होंगी। यह कार्यक्रम पूर्वानुसार होगा। बाढ़ प्रभावित जिलों शिवपुरी, श्योपुर, गुना, दतिया, भिंड, मुरैना और ग्वालियर में स्थानीय परिस्थितियों को देखते हुए उपभोक्ताओं को सिर्फ राशन वितरित करेंगे। इन जिलों में अन्य कोई कार्यक्रम नहीं रहेंगे। चूंकि काफी दिनों से इस कार्यक्रम की तैयारियाँ की जा रही थी, इसलिए गरीबों के कल्याण से जुड़े इस कार्यक्रम को बाकी जिलों में यथावत रखा गया है। बाढ़ प्रभावित परिवारों को पचास किलो अतिरिक्त अनाज दिया जायेगा। यह पूर्व में मिलने वाले दस किलो अनाज के अतिरिक्त होगा। केंद्र को प्रारंभिक सर्वे रिपोर्ट भेजेंगे, फिर विस्तृत प्रतिवेदन भी भेजेंगे मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि केन्द्र सरकार को अभी एक रिपोर्ट प्रारंभिक सर्वे के बाद भेजी जा रही है। इसके पश्चात बाढ़ से हुई क्षति का विस्तृत प्रतिवेदन भी भेजा जाएगा। नागरिकों को पात्रता के अनुसार अधिकतम सहायता मिले इसके लिए प्रत्येक विभाग को सक्रिय भूमिका के लिए कहा गया है। बाढ़ प्रभावित जिलों में प्रमुख रूप से शिवपुरी, श्योपुर, गुना, दतिया, गवालियर, भिंड, मुरैना जिले हैं। सेना और आपदा दलों का आभार माना मुख्यमंत्री चौहान ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लोगों की जिंदगी बचाने के लिए रेस्क्यू आपरेशन में संलग्न सभी व्यक्तियों और एजेंसियों का आभार माना। बोट और हेलीकाप्टर के माध्यम से बचाव कार्य के लिए सक्रिय भूमिका निभाने पर मुख्यमंत्री चौहान ने सेना, वायु सेना, होमगार्ड, एस.डी.आर.एफ., एन.डी.आर.एफ., स्थानीय प्रशासन, प्रभारी और स्थानीय मंत्रियों के प्रति आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि दतिया में डॉ. नरोत्तम मिश्र, गुना और शिवपुरी में महेंद्र सिंह सिसोदिया और यशोधरा राजे सिंधिया, ग्वालियर में श्री तुलसी सिलावट और प्रद्युम्न सिंह तोमर, श्योपुर और मुरैना में भारत सिंह, भिंड में अरविंद भदौरिया और ओ.पी.एस भदौरिया निरंतर सक्रिय रहे। आम जनता को बाढ़ से निकालने में इन सभी ने बहुत परिश्रम किया और अभी भी मैदान में डटे हैं। सामाजिक संगठनों के सहयोग से प्रभावित लोगों को मदद देंगे मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि सामाजिक संस्थाओं और जन-सहयोग से बाढ़ प्रभावितों को राहत पहुँचाएंगे। मुख्यमंत्री चौहान ने बताया कि एक अपील पर कल ही ग्वालियर से श्योपुर अनाज लेकर ट्रक रवाना हुए हैं। सामाजिक संस्थाओं के माध्यम से प्रभावितों तक फूड पैकेट पहुँचाएंगे। साथ ही सूखा अनाज भी देंगे। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि प्रभारी और स्थानीय मंत्री ऐसे कार्यों को अपने नेतृत्व में सम्पन्न करवायें। बड़े कस्बों से ग्रामों तक ऐसी मदद पहुँचाना ज्यादा आसान है। मुख्यमंत्री चौहान ने अपील की कि आसपास के ग्रामों के लोगों को तैयार भोजन आपूर्ति भी करें। क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटियाँ भी गतिशील होकर लोगों की सहायता करेंगी। जिला, ब्लाक और ग्राम स्तर की कमेटियाँ राहत और पुनर्वास के कार्यों में लगेंगी। मुख्यमंत्री चौहान ने राजनीतिक दलों से भी बाढ़ प्रभावितों की मदद के लिए सहभागी होने का अनुरोध किया है। |
शिवराज बोले- भयानक त्रासदी, चुनौती बड़ी पर चिंता नहीं.. Friday 06 August 2021 04:05 PM UTC+00 Jitendra Chourasiya, भोपाल। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भयानक प्राकृतिक आपदा है। अपनी जिंदगी में ऐसी तबाही को नहीं देखा। मैं गांव-गांव गया, तो ऐसी भयानक त्रासदी मैंने भी अपने जीवन में नहीं देखी। हजारों मकान तबाह हो गए। शिवराज ने बाढ़ राहत व आगे के काम के लिए अब 12 विभागों की टॉस्क फोर्स बना दी है। साथ ही मृतकों के परिवारों को चार-चार लाख मदद और जिनके मकान टूटे उन्हें रहने के लिए छह हजार रुपए किराया या अन्य व्यवस्था करने का ऐलान किया है। |
पैसा कितना खर्च हुआ से ज्यादा महत्वपूर्ण है पैसा कैसे खर्च हुआ : प्रो. शमिका रवि Friday 06 August 2021 04:13 PM UTC+00 भोपाल : पैसा कितना खर्च हुआ है से ज्यादा महत्वपूर्ण है कि पैसा कैसे खर्च हुआ। स्वास्थ्य सेवाओं में अमेरिका कुल जीडीपी का 18 प्रतिशत जबकि सिंगापुर मात्र 4 प्रतिशत खर्च करता है, लेकिन स्वास्थ्य सूचकांक लगभग समान हैं। सीनियर फेलो ब्रूकिंग इंस्टीट्यूशन वॉशिंगटन डीसी प्रो. शमिका रवि ने यह बात अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान में व्याख्यान माला "असरदार परिवर्तन-टिकाऊ परिणाम" में "द प्रोमिस ऑफ सोशल इंटरप्राइजेस इन इंडियन ग्रोथ एंड डेव्हलेपमेंट" विषय पर व्याख्यान देते हुए कही। वैक्सीनेशन में हुआ बेहतर कार्य प्रो. शमिका रवि ने कहा कि सोशल इंटरप्राइजेस शहरों के निम्न एवं मध्यम आय वर्ग के लोगों को ही सेवाएँ देते हैं। स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के लिए सोशल इंटरप्राइजेस का उपयोग मध्यप्रदेश जैसे राज्यों में बेहतर ढंग से होना चाहिए। उन्होंने बताया कि कोविड-19 वैक्सीनेशन में मध्यप्रदेश में अन्य राज्यों की तुलना में बेहतर कार्य हुआ है। इसी तरह अन्य सेक्टर में भी कार्य होने पर विकास को गति मिलेगी। प्रो. रवि ने कहा कि किसी भी देश में शहर ग्रोथ के इंजन के रूप में कार्य करते हैं। उन्होंने प्रति व्यक्ति आय की जानकारी देते हुए बताया कि पंजाब और नागालैण्ड की प्रति व्यक्ति आय लगभग समान है। प्रो. रवि ने कहा कि किसानों द्वारा उत्पादित सामग्री के लिए मार्केट उपलब्ध होना चाहिए। लाभकारी खेती के लिए प्राकृतिक संसाधनों का बेहतर प्रबंधन जरूरी है। रियल टाइम डाटा जरूरी प्रो. रवि ने कहा कि विकास की योजनाएँ बनाने के लिए रियल टाइम डाटा जरूरी है। उन्होंने बताया कि बांग्लादेश में ग्रामीण बैंक और आंध्रप्रदेश में स्व-सहायता समूहों का गठन एक साथ शुरू हुआ था। प्रो. रवि ने श्रोताओं के प्रश्नों के उत्तर भी दिये। सुशासन संस्थान के उपाध्यक्ष प्रो. सचिन चतुर्वेदी ने कहा कि आंत्रप्रन्योरशिप आधारित विकास का मॉडल बनाना होगा, जो सिर्फ सरकारी अनुदान पर निर्भर नहीं हो। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों और सहकारी समितियों के माध्यम से विकास की रूपरेखा बनायी जानी चाहिए। प्रो. चतुर्वेदी ने कहा कि हम सिविल सोसायटी संगठनों में लगातार संपर्क कर रहे हैं। उन्होंने राजस्थान के खुशी वेवी संगठन के बारे में भी बताया। प्रो. चतुर्वेदी ने सी.एस.आर. फंडिंग के सदुपयोग की भी जरूरत बतायी। इस दौरान एडजंक्ट फेलो आर.आई.एस. दिल्ली डॉ. अमिताभ कुंडू, सुशासन संस्थान के सीईओ श्रीमन शुक्ला, संचालक गिरीश शर्मा एवं सलाहकार उपस्थित थे। |
25 हजार 435 उचित मूल्य दुकानों से बंटेगा नि:शुल्क राशन Friday 06 August 2021 04:19 PM UTC+00 भोपाल : मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि 7 अगस्त को प्रदेश में आयोजित होने वाला प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना कार्यक्रम राज्य शासन का महत्वाकांक्षी कार्यक्रम है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी कार्यक्रम को वी.सी. के माध्यम से संबोधित करेंगे। साथ ही हितग्राहियों से संवाद भी करेंगे। अन्य राज्यों के मंत्री एवं अधिकारी कार्यक्रम में सम्मिलित होने के लिए मध्यप्रदेश आ रहे हैं। जिस प्रकार क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटियों द्वारा कोरोना प्रबंधन और प्रदेश का टीकाकरण अभियान पूरे देश में चर्चा का विषय रहा उसी प्रकार प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना कार्यक्रम भी पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा है कि प्रदेश में बाढ़ प्रभावित 7 जिलों ग्वालियर, मुरैना, भिंड, शिवपुरी, श्योपुर, दतिया एवं गुना को छोड़कर शेष प्रदेश में यह कार्यक्रम उत्सव के रूप में आयोजित होगा। कोविड-19 की सावधानियों का पालन करते हुए मनाएँ अन्नोत्सव मुख्यमंत्री ने कहा कि 7 अगस्त को प्रदेश की समस्त 25 हजार 435 उचित मूल्य दुकानों पर कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। प्रत्येक दुकान पर पहले दिन 100 हितग्राहियों को थैले में नि:शुल्क राशन सामग्री का वितरण किया जाएगा। उसके बाद शेष हितग्राहियों को नि:शुल्क राशन प्रदाय किया जाएगा। यह आयोजन कोविड-19 की सावधानियों का पालन करते हुए सुनिश्चित किया जाए। प्रत्येक दुकान के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाए। जिलों में आवश्यक समन्वय करें प्रभारी मंत्री मुख्यमंत्री चौहान ने बताया कि 7 अगस्त को प्रात: 10 बजे आरंभ होने वाले इस कार्यक्रम से प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी 11 बजे वर्चुअली जुड़ेंगे। सभी उचित मूल्य की दुकानों पर उपस्थित हितग्राहियों के साथ इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया के माध्यम से भी जन-सामान्य को कार्यक्रम से जोड़ा जाएगा। प्रभारी मंत्री अपने जिले में कार्यक्रम की तैयारियों के लिए आवश्यक समन्वय सुनिश्चित करें। प्रत्येक दुकान पर नोडल अधिकारी प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना कार्यक्रम में प्रत्येक उचित मूल्य दुकान के लिये नोडल अधिकारी जिला कलेक्टर द्वारा नियुक्त किया जाएगा, जो कार्यक्रम की तैयारी एवं आयोजन की व्यवस्था देखेंगे। नोडल अधिकारी उन्हें आवंटित दुकान पर सभी तैयारियों की रिपोर्ट जिले में स्थापित कन्ट्रोल रूम को देंगे। प्रत्येक दुकान के लिए सामाजिक टीम भी होगी, जिसमें सतर्कता समिति, क्राइसिस मैनेजमेंट समिति के सदस्य, ग्राम पंचायत सचिव एवं स्थानीय प्रबुद्धजन शामिल रहेंगे। |
बाढ़ से क्षति के मूल्यांकन करने केन्द्रीय टीम तुरंत प्रदेश भेजने का अनुरोध Friday 06 August 2021 05:25 PM UTC+00 भोपाल। राज्य शासन ने ग्वालियर, चम्बल संभाग के 8 जिलों में भारी वर्षा और बाढ़ से हुए नुकसान के मूल्यांकन करने के लिए केन्द्र सरकार से तुरंत अंतर-मंत्रालयी केन्द्रीय टीम भेजने का अनुरोध किया है। राज्य शासन द्वारा विस्तृत ज्ञापन सौंपने के लिये मैदानी सर्वेक्षण कर आंकड़े एकत्र किए जा रहे हैं। प्रमुख सचिव राजस्व मनीष रस्तोगी ने शुक्रवार को केन्द्रीय गृह मंत्रालय (आपदा प्रबंधन विभाग) को भेजे पत्र में कहा है कि केन्द्रीय टीम द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुकसान के मूल्यांकन से प्रदेश को राष्ट्रीय आपदा राहत कोष के तहत अतिरिक्त सहायता मिल सकेगी, जिसकी नितांत आवश्यकता है। भेजे गये पत्र में प्रदेश में वर्षा की जानकारी भी दी गई है। जानकारी के अनुसार मध्यप्रदेश में आज दिनांक तक औसत वर्षा 503.2 मि.मी. होनी चाहिये, जिसके विरुद्ध 12 प्रतिशत अधिक 562.7 मि.मी. वर्षा हो चुकी है। गौरतलब है कि प्रदेश में 20 जुलाई तक 23 प्रतिशत और 25 जुलाई तक 3 प्रतिशत कम औसत वर्षा दर्ज की गई थी। ग्वालियर और चम्बल संभाग के लगभग सभी जिले कम वर्षा से जूझ रहे थे। अगस्त के पहले सप्ताह में अभूतपूर्व वर्षा में एक और दो अगस्त को 24 घंटे में श्योपुर जिले में 114.5 मि.मी. वर्षा हुई, जिसमें विजयपुर, कराहल और श्योपुर तहसीलों में क्रमश: 165.5, 126 और 115 मि.मी. वर्षा दर्ज की गई। इसी तरह शिवपुरी जिले में एक ही दिन में 141.8 मि.मी. वर्षा दर्ज हुई। जिले की तहसील- बेराड़, पोहरी, नरवर, पीपरसमा, बदरवास, कोलारस, शिवपुरी (नगर) में 24 घंटे के भीतर क्रमश: 286 मि.मी., 195, 163, 136.5, 135, 125 और 117 मि.मी. वर्षा दर्ज की गई। इसी प्रकार श्योपुर जिले में 2 और 3 अगस्त को 195 मि.मी. वर्षा हुई। तहसील वीरपुर में 215 और विजयपुर में 175 मि.मी. भारी वर्षा दर्ज की गई। इस अवधि में शिवपुरी जिले में 312.8 मि.मी. वर्षा दर्ज की गई। जिले की तहसील शिवपुरी (नगर) में 470 मि.मी., पिछोर में 417, पीपरसमा में 389.5, पोहरी में 384, खनियादाना में 327 मि.मी. अति-वर्षा रिकार्ड की गई। इसी तरह गुना जिले में 136.4 मि.मी. हुई वर्षा में बमोरी तहसील में 271 मि.मी., राघवगढ़ 158, गुना (नगर) 142.6 मि.मी. भारी वर्षा दर्ज हुई। अशोकनगर जिले में 154 मि.मी. वर्षा में तहसील ईसागढ़ में 195 मि.मी., चंदेरी 188, अशोकनगर (नगर) 138 मि.मी. शामिल है। |
प्रदेश के सत्तर फीसदी बांध 50 फीसदी खाली Friday 06 August 2021 05:37 PM UTC+00 भोपाल। ग्वालियर चंबल संभागों में बाढ़ की स्थिति को लेकर भले ही सरकार हलाकान में हो, लेकन अभी भी प्रदेश के 70 फीसदी बांध आधे ही भर पाए हैं। पिछले ढाई माह की बारिश में अभी तक सिर्फ 8 बांध ही लबालब हुए हैं। अब बारिश के लिए भी केवल डेढ़ माह ही बचे हैं। वैसे पिछले साल की स्थिति में इस वर्ष हमारे बांध बेहतर स्थिति में हैं। पिछले वर्ष आज की तारीख में सिर्फ 6 बांध ही 70 फीसदी तक भर पाएं थे। पिछले वर्ष बांधों में जल भराव की स्थिति अगस्त-सितम्बर में बनी थी। ---- |
अवैध रेत उत्खनन को लेकर विधायक गोविंद सिंह ने एनजीटी में लगाई याचिका, मुख्य सचिव सहित संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी Friday 06 August 2021 05:53 PM UTC+00 भोपाल.एनजीटी में भिंड जिले के लहार से विधायक डॉ गोविंद सिंह ने चंबल संभाग में अवैध रेत उत्खनन को लेकर याचिका दायर की है। उनकी याचिका पर सुनवाई करते हुए एनजीटी ने मध्य प्रदेश केमुख्य सचिव, खनिज विभाग के प्रमुख सचिव, एमपीपीसीबी, चारों जिलों के कलेक्टर और माइनिंग अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। एनजीटी सेंट्रल जोन बेंच के जस्टिस शिव कुमार सिंह और अरुण कुमार वर्मा ने शुक्रवार को मामले की सुनवाई की। याचिका में विधायक ने बताया है कि चंबल और सिंध नदियों में भिंड, दतिया, ग्वालियर और मुरैना जिले के विभिन्न स्थानों पर अवैध तरीके से रेत माफिया द्वारा भारी उपकरण जैसे सबमरीन, जेसीबी मशीन, पोकलेन मशीन आदि के द्वारा रेत का अनियंत्रित उत्खनन किया जा रहा है। इस अवैध रेत उत्खनन के कारण नदी का स्वतंत्र प्रवाह बहुत बुरी तरह प्रभावित हो रहा है जोकि पर्यावरण के साथ मानव के लिए भी खतरनाक है। रेत माफिया यहां पर इतने बेखौफ हो गए हैं कि वह पुलिस और वन विभाग के अधिकारी के ऊपर भी हमला कर चुके हैं। एनजीटी ने माना कि याचिका में न केवल बारंबार नियमों के उल्लंघन का मामला है बल्कि अपनी वैधानिक ड्यूटी निभा रहे अधिकारियों पर माफिया द्वारा हमले का भी गंभीर मामला शामिल है। इसलिए एनजीटी ने सभी संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। उनसे 4 सप्ताह में जवाब मांगा गया है। याचिकाकर्ता को भी 1 सप्ताह में सभी संबंधित पक्षकारों को याचिका से संबंधित शिकायत और सभी दस्तावेज देने के निर्देश दिए गए हैं। मामले की अगली सुनवाई 4 अक्टूबर को तय की गई है। |
अवैध संबंधों के शक में जिला उद्योग केंद्र प्रबंधक बेले के 3 हत्यारों को उम्र कैद Friday 06 August 2021 05:56 PM UTC+00 भोपाल.अवैध संबंधों के शक में जिला उद्योग केंद्र रायसेन के प्रबंधक रामदयाल बेले की हत्या के मामले में तीन युवकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। अपर सत्र न्यायाधीश सीएम उपाध्याय ने शुक्रवार को यह फैसला सुनाया। कोर्ट ने अब्दुल आसिफ, कमलेश मेहरा और पप्पू जाटव उर्फ भूरा को दोषी पाकर उम्र कैद की सजा सुनाई। हत्यारों ने रामदयाल बेले की चाकुओं से गोदकर लाश को भोपाल के गोविंदपुरा औद्योगिक क्षेत्र स्थित बोरा ब्रदर्स फैक्ट्री के गेट के सामने फेंक दिया था। जिला उद्योग केंद्र में प्रबंधक रामदयाल बेले भोपाल में मिनाल रेसीडेंसी में रहते थे और रोज अप डाउन करते थे। जेके रोड से ऑटो से घर जाते थे।आरोपी पप्पू की परिचित महिला बेले के घर काम करने जाती थी। उसे शक था की दोनों के अवैध संबंध है। पप्पू ने महिला से काम छोडऩे का कहा था। काम नहीं छोडऩे पर साथियों के साथ बेले की हत्या कर दी थी। 20 अगस्त की रात जैसे ही बेले बस से उतरे तीनों ने बेले को ऑटो में बैठा कर अगवा कर लिया था। बाद में सुनसान जगह ले जाकर हत्या कर लाश फैक्ट्री के सामने फेंक दी थी। भांजी के साथ दुष्कर्म करने वाले को 10 साल की कैद भांजी के साथ दुष्कर्म करने वाले मामा को अदालत ने 10 साल के सश्रम कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई है। जिला अदालत में पदस्थ अपर सत्र न्यायाधीश बीआर यादव ने शुक्रवार को यह फैसला सुनाया। मामला छोला मंदिर थाने का है। पैरवी करने वाले सरकारी वकील सुरेश मालवीय ने बताया कि सातवीं कक्षा की छात्रा की शिकायत पर पुलिस ने 2 अप्रैल 2015 को मुकदमा दर्ज किया था। छात्रा ने बताया था कि एक दिन घर में अकेला पाकर मामा ने डरा धमकाकर दुष्कर्म किया था। घर के दूसरे लोगों को बताने पर मां बाप को जान से मारने की धमकी दी थी। धमकी देकर मामा ने छात्रा से कई बार दुष्कर्म किया। |
अब गुना पर आफत, 36 घंटों में नौ इंच बारिश Friday 06 August 2021 06:19 PM UTC+00 भोपाल. कमजोर हो रहा कम दबाव का क्षेत्र जाते-जाते गुना सहित कुछ जिलों में आफत की बारिश करा रहा है। यहां पर पिछले 36 घंटों में लगभग नौ इंच बरसात हो चुकी है, ऐसे में पहले से लगातार बारिश झेल रहे जिले की समस्याएं बढ़ सकती है। वहीं ग्वालियर-चम्बल संभाग में बारिश की गतिविधियां कम हो गई हैं। अगले 24 से 48 घंटों में बारिश की गतिविधियां और घटने का अनुमान है। मौसम विभाग ने आरेंज अलर्ट को उत्तर से हटाकर विदिशा, रायसेन, राजगढ़ अशोकनगर एवं गुना जिले के लिए जारी किया है। वहीं सीहोर, शाजापुर, आगर, नीमच , मंदसौर, शिवपुरी, दतिया, श्योपुरकलां, सिवनी, सागर, टीकमगढ़ एवं निवाड़ी जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। प्रदेश में शुक्रवार सुबह तक बीते 24 घंटों में सबसे ज्यादा गुना में ढ़ाई इंच, तो रायसेन भोपाल और शाजापुर में डेढ़ -डेढ़ इंच बरसात हुई। सागर, बैतूल, होशंगाबाद और मण्डला में लगभग आधा-आधा इंच बारिश हुई। ग्वालियर-चम्बल के जिलों में दो से पांच मिमी की हल्की बौछारें पड़ीं।बारिश की गतिविधियां श्ुाक्रवार दिन को भी जारी रहीं और शाम तक गुना में सबसे ज्यादा सवा छह इंच बारिश हो गई वहीं शाजापुर और रतलाम में पौन इंच, ग्वालियर और पचमढ़ी में आधा-आधा इंच तो दमोह इंदौर और होशंगाबाद में पौन इंच के आसपास बारिश दर्ज हुई। भोपाल, उज्जैन और बैतूल में पांच-पांच मिमी बारिश दर्ज हुई। नहीं बदला चक्रवात में कम दबाव के क्षेत्र के शुक्रवार को कमजोर होकर चक्रवात में बदल जाने की उम्मीद थी, लेकिन नमी मिलते रहने के कारण इसकी ताकत ज्यादा कम नहीं हुई है और शुक्रवार शाम तक यह कम दबाव के क्षेत्र में ही बना हुआ है। |
सौ साल पुराने अखाड़े में तराश रहे पहलवान, दुनिया में दिखा रहे दम Friday 06 August 2021 07:23 PM UTC+00 भोपाल. नवाबी दौर की कई इमारतें ऐसी हैं, जो आज भी लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर देती हैं। वहीं एक अखाड़ा ऐसा भी है, जिसमें नवाबी दौर से अच्छे-अच्छे पहलवान निकल चुके हैं, जिन्होंने नेशनल लेवल पर अपने प्रतिद्वंद्वियों को धूल चटाई है। बात हो रही है छोटे तालाब स्थित अखाड़ा टे्रनिंग स्कूल गप्पू उस्ताद मरहूम की। जिसमें आज भी कई नेशनल और इंटरनेशनल खिलाड़ी कुश्ती खेल के दावं पेच सीख रहे हैं। इन खिलाडिय़ों को पति-पत्नी की जोड़ी तराश रही हैं। जिन्होंने अभी तक दो दर्जनों से ज्यादा नेशनल और इंटरनेशनल पहलवान तैयार किए हैं। विश्वामित्र अवार्डी शाकिर नूर और देश की पहली महिला मुस्लिम पहलवान फातिमा बानो युवा पहलवानों को ट्रेनिंग देती हैं। फिलहाल इस अखाड़े को नया स्वरूप दिया जा रहा है। यही सीखी पहलवानी, अब निखार रहे प्रतिभा पहली महिला मुस्लिम पहलवान हैं फातिमा |
संरक्षित वन क्षेत्र में बनाया जा रहा ट्रैक, विभाग खुद ही मजदूर लगाकर साफ करा रहा जंगल Friday 06 August 2021 07:25 PM UTC+00 भोपाल। सरकार ने एनजीटी के निर्देश पर केरवा-कलियासोत के 357 हेक्टेयर से अधिक इलाके को संरक्षित वन क्षेत्र घोषित कर दिया है। इसके लिए 30 जुलाई को नोटिफिकेशन भी जारी हो चुका है। नोटिफिकेशन को अमल में लाने का जिम्मेदार वन विभाग ही खुद यहां बड़ी संख्या में मजदूर लगाकर कटाई करा रहा है। संरक्षित वन में यह काम नगर वन के साथ पक्का ट्रैक बनवाने के नाम पर किया जा रहा है। बाघ भ्रमण क्षेत्र में आवाजाही हो जाएगी शुरू ![]() यहां बनाया जा सकता है नगर वन इस मामले में सेवानिवृत्त सहायक वन संरक्षक केसी मल्ल का कहना है कि संरक्षित वन में तो झाडिय़ां काटना तक अपराध है, ऐसे में वन विभाग भी किसी तरह निर्माण कैसे कर सकता है। यहां नगर वन बनाना ठीक नहीं है। यहां केवल वन क्षेत्र विकसित होना चाहिए। नगर वन बनाना है कि तो किसी भी पहाड़ी से लेकर बंजर जगह, सीपीए या राजस्व के वन क्षेत्र में बनाया जाए। वहीं, सीसीएफ, भोपाल वन वृत्त रविन्द्र सक्सेना का कहना है कि जिस इलाके को संरक्षित वन क्षेत्र घोषित किया है वह वन विभाग के कब्जे में है और वहां कोई निर्माण या अतिक्रमण नहीं है। मेरी जानकारी में वहां लैंटाना उखाड़ा जा रहा है। यह सही है कि संरक्षित क्षेत्र में किसी तरह की झाडिय़ां भी नहीं काटी जा सकती है। वहां क्या हो रहा है, इसका पता करवाता हूं। |
साड़ियों पर छाया मप्र का ट्राइबल आर्ट, कल्चरल फॉर्म और ऐतिहासिक धरोहर की डिजाइन भी बन गए आकर्षण Friday 06 August 2021 07:35 PM UTC+00 भोपाल। मप्र की कला और संस्कृति की पहचान पूरी दुनिया में है। अगर बात हैंडलूम की हो तो देश में प्रदेश का नाम सबसे पहले आता है। यहां चंदेरी, महेश्वरी, बाग प्रिंट और बटिक के हस्तशिल्प दुनिया में चर्चित हैं। हैंडलूम डे के मौके पर पत्रिका प्लस ऐसे विवर्स से रू-ब-रू करा रहा है जिन्होंने अपने इनोवेशन से इस क्षेत्र में अलग पहचान बनाई है। मप्र के ट्राइबल आर्ट से लेकर ऐतिहासिक धरोहर और कल्चरल फॉम्र्स पर डिजाइंस तैयार किए हैं। ![]() ट्राइबल आर्ट को कर रहा हूं प्रमोट ![]() इम्युनिटी बूस्टर साड़ी आर्युवस्त्र बनाई |
27836 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा, कई अब भी फंसे Friday 06 August 2021 07:50 PM UTC+00 भोपाल. राज्य सरकार ने केंद्र से राहत राशि मांगने के लिए ग्वालियर-चंबल संभाग में बाढ़ से नुकसान का प्रारंभिक आकलन शुरू कर दिया है। प्राथमिक आकलन जल्द केंद्र को भेजा जा सकता है। 23 हजार से ज्यादा मकान नष्ट हुए हैं। 1700 से ज्यादा पशुओं की मौत हुई है। सैकड़ों किमी सडक़ें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। बिजली सब-स्टेशन तबाह हो गए। अभी 5647 ट्रांसफॉर्मर नष्ट होने का आकलन है। कुल 27836 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा है। 6918 लोगों का रेस्क्यू किया गया। कई लोग अब भी बाढ़ में फंसे हैं। इधर, लगातार बारिश से चंबल क्षेत्र के बाद अशोकनगर और गुना में पानी कहर बनकर बरपा है। दोनों ही जिलों में बाढ़ की स्थिति बनी। यहां भी रेस्क्यू ऑपरेशन कर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। अगले हफ्ते मैदान में होंगी स्पेशल टीमें |
अरेरा कॉलोनी में आवासीय अनुमति ली, बना दिया शॉपिंग सेंटर Friday 06 August 2021 08:03 PM UTC+00 भोपाल. अरेरा कॉलोनी के इ-4 में फाच्र्यून बिल्डर के अजय मोहगांवकर व साथियों ने आवासीय क्षेत्र में आवासीय अनुमति लेकर व्यवसायिक उपयोग का निर्माण कर लिया। इस मामले में निगम की भवन अनुज्ञा शाखा लगातार नोटिस जारी कर रही है। अब निगम की भवन अनुज्ञा शाखा ने कार्रवाई के लिए टाउन एंड कंट्री प्लानिंग व जिला प्रशासन के संबंधित एसडीएम को पत्र लिखे हैं। दस नंबर बाजार से बिट्टन मार्केट के बीच इ-4 के प्लॉट नंबर 99 पर आवासीय उपयोग की अनुमति के उलट व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है। यहां पर कपड़ों का बड़ा शो रूम बना लिया है। इस बिल्डिंग के ऊपरी तलों पर भी व्यावसायिक गतिविधि के तहत ही इंटीरियर किया जा रहा है, जबकि ये नगर निगम के जोन नौ कार्यालय के सामने की लाइन में ही है। निगम की भवन अनुज्ञा शाखा ने इस अनुमति से विपरीत उपयोग मामले में मोहगांवकर को कई नोटिस जारी किए। अब इस भवन के अवैध हिस्से व अवैध उपयोग को खत्म करने टीएंडसीपी के साथ ही जिला प्रशासन को लिखा है। यहां से आगामी कार्रवाई की जाना है। मोहगांवकर ने अपने साथी बिल्डर के साथ इ-5 स्थित जैनम श्री अस्पताल की नई बिल्डिंग के पास भी बड़ा निर्माण कर लिया। यहां भी नोटिस जारी हुआ है। यहां भी व्यावसायिक गतिविधि शुरू करने की कोशिश की जा रही है। किराए से देने का बोर्ड भी लगा रखा है। एफएआर पर भी सवाल आवासीय में व्यावसायिक मामले में रहवासियों ने किया था विरोध हमने इ-4 में प्लॉट नंबर 99 समेत अन्य को नोटिस जारी किए हैं। आगे की कार्रवाई के लिए अब टीएंडसीपी व जिला प्रशासन को पत्र लिख दिए हैं। ये अनुमति से विपरीत निर्माण और उपयोग के मामले में है। |
ऑनलाइन क्लास में भी डरा रहा रैगिंग का भूत Friday 06 August 2021 08:26 PM UTC+00 भोपाल. कोरोना काल का साल 2020, जब कुछ महीने के लिए देशभर में सबकुछ थम गया था। लोग घरों में कैद हो गए थे। स्कूल-कॉलेजों की पढ़ाई क्लासरूम से निकलकर मोबाइल-लैपटॉप में पूरी तरह से सिमट गई थी। उन ऑनलाइन क्लास में भी रैगिंग के भूत ने पीछा नहीं छोड़ा। यही वजह है कि 2020 में यूजीसी की एंटी रैगिंग हेल्पलाइन पर देशभर से 219 शिकायतें पहुंचीं। ये सिलसिला अब भी जारी है। इस वर्ष 255 शिकायतें की गईं हैं। इनमें से लगभग 40 प्रतिशत शिकायतें ऑनलाइन क्लास संबंधी हैं। सबसे ज्यादा 55 मामले उत्तर प्रदेश से रिपोर्ट हुए हैं। मध्य प्रदेश, राजस्थान से 17-17 शिकायतें की गईं हैं। ज्यादातर मामले मेडिकल छात्रों के हैं। रैगिंग तनाव देती है। छात्रों का भविष्य बर्बाद कर देती है। जान भी ले लेती है। इस पर लगाम लगाने के तमाम प्रयास विफल साबित हो रहे हैं। विवि अनुदान आयोग (यूजीसी), सरकारों के दिशा-निर्देश, सख्ती, जागरुकता अभियान बेअसर साबित हो रहे हैं। शिक्षण संस्थानों में गठित समितियों पर भी सवाल उठ रहे हैं। कई विद्यार्थी डर और कोई कार्रवाई नहीं होने की वजह से रैगिंग की शिकायत भी नहीं करते। हफ्तेभर पहले एमजीएम मेडिकल कॉलेज, इंदौर के छात्र द्वारा की गई शिकायत इसी तरह का उदाहरण है। संबंधित छात्र से कॉलेज समिति का संपर्क नहीं हो पाया है। बचें और बचाएं : रैगिंग से रहें दूर, ये है नासूर देशभर से मामले |
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